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अष्टांग योग का पालन ही ईश्वर की वास्तविक उपासना : दयानंद

Tue, 24 Sep 2024 03:04 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
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23जेएनडी16-आर्य प्रशिक्षण शिविर में युवाओं को संबोधित करते हुए आचार्य दयानंद। संवाद
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सफीदों। आर्य निर्मात्री सभा की तरफ से स्वामी निगमबोध तीर्थ विद्या मंदिर में आर्य प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया जा रहा है।
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सोमवार को दूसरे दिन युवाओं को संबोधित करते हुए आचार्य दयानंद ने कहा कि अष्टांग योग का पालन ही ईश्वर की वास्तविक उपासना है। अनावश्यक रूप से शरीर को कष्ट देने का नाम तप नहीं, अपितु किसी श्रेष्ठ उद्देश्य की प्राप्ति में आने वाले द्वंद्व सहन करना तप कहलाता है। जातिवाद व पाखंड में फंसकर मनुष्य किसी का हित नहीं कर सकता। युवाओं ने यज्ञोपवित धारण करके पाखंड, अंधविश्वास, जातिवाद त्यागकर राष्ट्र रक्षा का संकल्प लिया।
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संस्था के महासचिव आर्य संदीप मोरखी ने बताया कि सभा द्वारा विगत 21 वर्षों प्रति सप्ताह देशभर में इस प्रकार से शिविरों से प्रेरणा पाकर सैकड़ों युवा राष्ट्र निर्माण में आगे बढ़ रहे हैं। इस दौरान संदीप शास्त्री, गुलाब आर्य, सुमित आर्य, डॉ. अजय आर्य, धर्मबीर आर्य, साहिल आर्य, सतीश बलाना, अमित आर्य, विनोद आर्य व मुकेश राणा मौजूद रहे।

23जेएनडी16-आर्य प्रशिक्षण शिविर में युवाओं को संबोधित करते हुए आचार्य दयानंद। संवाद

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