जींद। खरकरामजी गांव में बुधवार को एकीकृत बागवानी विकास मिशन के तहत एक दिवसीय जिला स्तरीय सेमिनार का आयोजन किया गया। जिसमें जिले भर से लगभग 450 किसानों ने भाग लिया। मुख्यातिथि के तौर पर मिशन निदेशक डॉ. रणबीर सिंह राज्य बागवानी विकास एजेंसी ने शिरकत की जबकि विशिष्ट अतिथि के तौर पर एडीसी डॉ. हरिश वशिष्ठ ने शिरकत कर किसानों को बागवानी के प्रति जागरूक किया।
सेमिनार में डॉ. रणबीर सिंह ने कहा कि बागवानी फसलों की खेती में युवा किसानों की भागेदारी से बागवानी का रकबा बढ़ रहा है। बागवानी की फ सलों से किसानों की आमदनी तो बढ़ती ही है, साथ ही बागवानी क्षेत्र में रोजगार के साधन भी उपलब्ध हो रहे हैं। कृषि फसलों की तुलना में बागवानी फ सलो से दो से तीन गुणा पैदावार भी बढ़ती है। जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार हो रहा है। बागवानी विभाग किसानों को बाग लगाने पर 43 हजार रुपये प्रति एकड़, शंकर सब्जी की कास्त पर 15 हजार, नेट हाऊस लगाने पर सामान्य किसान को 50 प्रतिशत, अनुसूचित जनजाति के किसान अगर ठेके पर भूमि लेकर नेट हाऊस लगाते हैं तो 65 प्रतिशत व स्वंय की भूमि पर 85 प्रतिशत अनुदान राशि दी जा रही है। इसके साथ उन्होंने बताया कि जिन किसानों के पास भूमि नहीं है। वह भी बागवानी विभाग से जुड़ सकते हैं, भूमिहीन किसानों के लिए विभाग द्वारा मशरुम की खेती पर सामान्य श्रेणी किसान को 50 प्रतिशत व अनुसूचित जनजाति के किसान को 85 प्रतिशत अनुदान, मधु मक्खी की खेती करने पर सभी किसानों को 85 प्रतिशत अनुदान राशि दी जाती है।
डॉ. हरीश वशिष्ट ने बताया कि वर्तमान में हरियाणा प्रदेश में बागवानी के तहत लगभग सात प्रतिशत क्षेत्र हैं। जिसको वर्ष 2027 तक 10 प्रतिशत व वर्ष 2047 तक सरकार द्वारा 20 प्रतिशत क्षेत्र बढ़ाने का लक्ष्य है, ताकि प्रदेश में कु पोषण समस्या का समाधान किया जा सके और साथ ही किसान की आय दोगुनी हो। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा विदेशों की तर्ज पर सोनीपत में गन्नौर मंडी का कार्य प्रगति पर है। जिसमें प्रदेशभर में सभी जिलों में इंटीग्रेटिड पैक हाउस, कोल्ड स्टोरेज चेन व प्रोसेसिंग यूनिट के माध्यम से किसानों के फ ल व सब्जियां गन्नौर मंडी मेें मार्केटिंग के लिए भेजी जाएगी। इस प्रकार की मंडियों से ताजे फ ल व सब्जियां विदेशों में निर्यात की जाएगी। जिससे किसानों को फसल का उचित मूल्य भी मिलेगा व किसान की आय दोगुनी होगी। इस अवसर पर जिला बागवानी अधिकारी डॉ. विजय पान्नू, डॉ. असीम जांगड़ा, डॉ. कमल सैनी, नवीन राणा, दीपक कुमार, डॉ. मांगेराम, अभिषेक कुमार मौजूद रहे।
इन किसानों को किया बेहतर बागवानी की खेती करने पर जागरूक
जिले में बागवानी की खेती करने पर खरकरामजी गांव निवासी दीपक गोयत, राजेंद्र, ईगराह, अशोक रेवर, बलविंद्र संडिल, रवि खेड़ी सफा, सत्यवान उचाना खुर्द, सुखबीर खरकरामजी, हवा सिंह अमरहेड़ी, रोबिन भुरायण, मनजीत बीबीपुर को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
27जेएनडी28,29: सेमिनार में किसानों के उत्पाद की जानकारी लेते हुए अधिकारी। संवाद।