गांव करसिंधू में पिता की हत्या करने के जुर्म में अदालत ने बेटे को उम्रकैद व पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत में चले अभियोग के अनुसार 20 अप्रैल 2015 को गांव करसिंधु निवासी रणधीर सिंह ने अपने पिता अमर सिंह के चरित्र पर संदेह था। इसी को लेकर दोनों के बीच में कहासुनी हो गई। इस दौरान रणधीर ने लाठी से वार करके अपने पतिा अमर सिंह की हत्या कर दी। हत्या करने के बाद आरोपी फरार हो गया। बाद में मृतक की पुत्रवधू सुशीला की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया था।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया था कि उसके 75 वर्षीय पिता अमर सिंह का लंबे समय से चरित्र पर शक था। इसको लेकर उसके पिता से कई बार झगड़ा हो चुका था। 20 अप्रैल की रात को उनका झगड़ा बढ़ गया और उसने घर के अंदर रखी लाठी उठाकर उसके सिर पर वार कर दिया। इसमें उसकी मौत हो गई। तभी से मामला अदालत में विचाराधीन था। अदालत ने मामले पर सुनवाई करते हुए रणधीर सिंह को हत्या का दोषी ठहराते हुए उम्रकैद व पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।