जुलाना। गांव करेला निवासी युवक अपने दोस्तों के साथ हरिद्वार स्नान करने गया था। उसके भतीजे ने शराब के नशे में चाकू मारकर उसकी हत्या कर दी। हत्या को घटना का रूप देन के लिए आरोपी ने मृतक को गोहाना के सरकारी अस्पताल में रखकर फरार हो गए। पुलिस ने आरोपियों को काबू कर पानीपत पुलिस को सौंप दिया है।
गांव करेला निवासी 28 वर्षीय सुरेंद्र जुलाना की अनाज मंडी में आढ़ती की दुकान पर मुनीम की नौकरी करता था। सुरेंद्र अपने परिवार से ही गांव करेला निवासी प्रवीन, दिनेश उर्फ मोनू, प्रदीप, सुरेंद्र उर्फ टीनू, प्रवीन के साथ 21 जून को कार में सवार होकर हरिद्वार गंगा स्नान करने गया था। सोमवार रात को वे हरिद्वार से वापस लौट रहे थे। जब वे पानीपत जिले के गांव शाहपुर के समीप पहुंचे तो एक ढाबे के पास कार रोककर शराब पी ली। इसके बाद उनमें कहासुनी हो गई। आरोप है कि सुरेंद्र उर्फ टीनू ने चाकू निकाल कर सुरेंद्र पर हमला बोल दिया। सुरेंद्र की मौके पर ही मौत हो गई। टीनू मृतक का भतीजा है। पांचों आरोपी सुरेंद्र के शव को कार में डाल कर गोहाना के लिए चल पड़े। आरोपियों ने हत्या की घटना को सड़क हादसे में बदलने के लिए पानीपत रोड के किनारे एक पेड़ से कार को टकरा दिया। आरोपी सुरेंद्र के शव को गोहाना के सरकारी अस्पताल में रखकर फरार हो गए।
बताया गया है कि एक आरोपी गांव खानपुर कलां स्थित बीपीएस अस्पताल में जाकर दाखिल भी हो गया। अस्पताल के कर्मचारियों ने शहर थाना पुलिस को अज्ञात का शव अस्पताल पहुंचने की सूचना दी। आरोपियों में सुरेंद्र उर्फ टीनू ने हरिद्वार से चाकू खरीदा था। पुलिस ने जब सुरेंद्र के शव की पड़ताल की तो उस पर तेजधार हथियार के जख्म मिले। इससे बाद पुलिस उस जगह पहुंची जहां कार पेड़ से टकराने की बात कही जा रही थी। कार पेड़ के पास खड़ी थी। कार का शीशा जरूर टूटा हुआ था, लेकिन और कोई नुकसान नहीं हुआ था। इस पर पुलिस का संदेह गहरा गया। इसराना थाने पुलिस ने मृतक सुरेंद्र के भाई के बयान पर गांव निवासी प्रवीण, दिनेश उर्फ मोनू, प्रदीप, सुरेंद्र उर्फ टीनू, प्रवीन पर केस दर्ज कर उन्हें हिरासत में भी ले लिया है।
सुरेंद्र की हैं तीन बेटियां
मृतक सुरेंद्र जुलाना की तीन बेटियां हैं। मां की डेढ़ साल पहले मृत्यु हो गई थी। मृतक का पिता खेतीबाड़ी करता है। सुरेंद्र तीन भाइयों में बीच का था. सुरेंद्र की मौत के बाद तीनों बेटियों के सिर से पिता का साया उठ गया।