जींद। हरियाणा स्वर्ण जयंती के उपलक्ष्य में ऑन थियेटर ग्रुप हरियाणा व हरियाणा कला परिषद की ओर से राजकीय महाविद्यालय जींद में आयोजित की जा रही रंगमंच कार्यशाला के छटे दिन रंगकर्मी डॉ. पवन आर्य ने लोक कहानी तथा लोक रंगमंच के गुर सिखाए। यहां प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे रंगकर्मियों ने पंख अपने-अपने की रिहर्सल की। कार्यशाला का निर्देशन राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय के पूर्व निदेशक देेवेंद्र राज अंकुर कर रहे हैं। लोक कहानी तथा लोक रंगमंच पर बोलते हुए डॉ. पवन आर्य ने कहा कि हमारे चारों ओर कहानियों बिखरी पड़ी हैं। जिस तरफ हम देखते हैं, उस ओर एक कहानी घट रही है। हमें कहानियों से रचनात्मक सीख लेनी चाहिए। एक से दो बजे तक लंच ब्रेक होता हैं उसके बाद फिर तीसरे स्तर की शुरूआत होती है। तीसरे स्तर में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे रंगकर्मी स्वत: प्रयोग के तौर रंगकर्म करते हैं। उसके बाद उन्हें लोक कहानी तथा आधुनिक कहानियां पढ़ाई जाती हैं। इस अवसर पर अभिनेता एवं रंगकर्मी विवेक मिश्र, प्रो. मंजु रेढू, प्रो. रोशनलाल श्योरण, डा. हनीफ खान मौजूद रहे।