अमर उजाला ब्यूरो
जींद। स्वास्थ्य विभाग जुलाई को डेंगू रोधी महीने के रूप में मना रहा है। विभाग की टीम ने लोगों को डेंगू के प्रति जागरूक करने के लिए कालवा गांव में डोर-टू-डोर अभियान इंस्पेक्टर सुमन देशवाल और राज सिंह के नेतृत्व में चलाया। यह टीम लोगों को विषाणु जनित बीमारियों के प्रति जागरूक कर रही है। इस अवसर पर स्वास्थ्य कार्यकर्ता राकेश बूरा, निर्मल सिंह, संदीप कुंडू, नीलम, मीना और सोमवती ने ग्रामीणों को समझाते हुए कहा कि डेंगू एक जानलेवा बीमारी है जो कि एडीज मच्छर के काटने से होती है। यह मच्छर साफ पानी में पैदा होता है। इसके लक्षण बताते हुए कहा कि इसमें सिर के अगले हिस्से में तेज दर्द, मांसपेशियों में दर्द, उल्टी होना, जी मितलाता है। उन्होंने कहा कि कोई भी बुखार जानलेवा हो सकता है। बुखार होने पर तुरंत अपने नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करवाएं। उन्होंने कहा कि अपने आसपास सफाई रखें, गड्ढों को मिट्टी से भरें, फ्रिज की ट्रे साफ करें। नालियों में मिट्टी का तेल डाल दें। घरों पर जालीदार दरवाजे लगवाएं, रात को सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें।