संवाद न्यूज एजेंसी
सफीदों। बैंक खातों में ऑनलाइन ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। इसी प्रकार का मामला नगर के एक बैंक शाखा में सामने आया है, जहां से उपभोक्ता बागडू कलां निवासी प्रवीन के खाते से करीब 10.51 लाख रुपये उड़ा लिए गए लेकिन बैंक के अधिकारी और साइबर सेल से जुड़े अधिकारी शिकायत के बावजूद फरियादी को धनराशि नहीं दिला सके। इस कारण खाताधारक छह माह से बैंक का चक्कर काटने को विवश है।
मंगलवार को अपने पैसों की वापसी की जानकारी के लिए एचडीएफसी बैंक शाखा में आए बागडू कलां निवासी प्रवीन कुमार ने भरे मन से कहा कि उसने अपनी बहन की शादी व मकान की मरम्मत के लिए कुछ जमीन बेची थी। उस जमीन की बिक्री से करीब 10.55 लाख रुपये उसके पिता ने अपने बैंक खाते से मेरे बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिया था। 17 जुलाई को वह बैंक शाखा से पैसे निकलवाने के लिए आया तो पता चला कि उसके खाते में कोई पैसा नहीं है और उसका खाता माइनस में चला हुआ है। उसने बैंक के अधिकारियों संपर्क किया तो उन्होंने बताया कि 21 जनवरी से पांच जून के बीच बार-बार 10950 रुपये की ट्रांजक्शन की गई है। बैंक के अधिकारियों की बात सुनकर वह हैरान रह गया। इस दौरान ना तो उसके पास कोई मैसेज आया और ना ही किसी ने उससे कोई ओटीपी मांगा गया लेकिन राशि कैसे ट्रांसफर हो गई।
प्रवीन कुमार ने बताया कि उसने इसकी शिकायत बैंक के अधिकारी, साइबर सेल व सीएम विंडों में की लेकिन उसे कोई राहत नहीं मिली। बैंक के अधिकारी ने अपनी जांच में बताया कि उसके पास मैसेज और ओटीपी दोनों आए हैं, तभी पैसा खाते से ट्रांसफर हुआ है। जबकि सच्चाई यह है कि उसके पास कोई मैसेज और कोई ओटीपी नहीं आया। उसे तो तब पता चला जब वह बैंक से दो लाख रुपये निकलवाने के लिए आया था। प्रवीन ने आशंका जताई है कि इस घटनाक्रम में बैंक के किसी ना किसी अधिकारी या कर्मचारी का हाथ हो सकता है। उसने बताया कि इस घटनाक्रम को लेकर उसके घर व परिवार का तनाव का माहौल बना हुआ है। वह बहुत ही सामान्य परिवार से ताल्लुक रखता है और जमीन बेचकर यह पैसा जमा किया था लेकिन आज वह अपने पैसे से हाथ धो चुका है। अब घर में यह चिंता बनी हुई है कि कैसे वह अपनी बहन की शादी कर पाएगा।