16jjrp01- झज्जर। डाइट मछरौली में आयोजित प्रशिक्षण शिविर को संबोधित करते जिला शिक्षा अधिकार
झज्जर। डायट माछरौली में प्रशिक्षित स्नातक अध्यापकों (टीजीटी) के लिए पूर्व-व्यावसायिक शिक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसका उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 को लागू करने पर आधारित था। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला शिक्षा अधिकारी राजेश कुमार शामिल हुए।
उन्होंने कहा कि व्यावसायिक शिक्षा समय की मांग है और विद्यार्थियों के भविष्य के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि ये प्रशिक्षित शिक्षक छात्रों को व्यावसायिक शिक्षा प्रदान करने के ध्वजवाहक होंगे और उनसे एनईपी-2020 के क्रियान्वयन में पूर्ण सहयोग देने का आग्रह किया। कार्यक्रम में डॉ. सुदर्शन पूनिया जिला समन्वयक निपुण हरियाणा ने कहा कि अध्यापक को अपने व्यावसायिक विकास को जारी रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि सभी अध्यापकों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति और एनसीएफ विद्यालयी शिक्षा जरूर पढ़ना चाहिए। इस अवसर पर जिला गणित विशेषज्ञ विक्रम सिंह, डायट इंचार्ज मुकेश कुमार और मास्टर ट्रेनर सज्जन सिंह ने कार्यक्रम में प्रमुख भूमिका निभाई और नए शिक्षकों को मार्गदर्शन प्रदान किया।
कार्यक्रम के इंचार्ज सुनील कुमार ने बताया कि ये अध्यापकों के प्रशिक्षण का अंतिम बैच है। अब जिला झज्जर के सभी टीजीटी अध्यापक बच्चों को प्री वोकेशनल शिक्षा देने के योग्य हो जाएंगे। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम शिक्षकों को व्यावसायिक शिक्षा के माध्यम से छात्रों को वास्तविक दुनिया की चुनौतियों के लिए तैयार करने के लिए सक्षम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के दृष्टिकोण के अनुरूप है।