बादली। छुड़ानी गांव में शनिवार की शाम युवक को गोली मारने के मामले में पुरानी रंजिश निकलकर सामने आई है।
पता चला है जिस युवक को गोली मारी गई है, उसने करीब 25 साल पहले आरोपी के पिता की हत्या की थी। तिहाड़ जेल से छूटकर बाहर आए बेटे ने ही बीती शाम युवक को गोलियां मारी थीं। गोली लगने से घायल युवक को गंभीर हालत में पीजीआईएमएस रोहतक रेफर किया गया है। छुड़ानी गांव में साल 2000 में महाबीर की हत्या कर दी गई थी। कोर्ट ने हत्या के मामले में महाबीर की पत्नी सुमन, गांव के हवा सिंह और रविदत्त को दोषी करार देते हुए 20 साल की सजा सुनाई थी। सजा काटकर तीनों जेल से रिहा हो गए हैं। सुमन जेल से छूटकर गांव नहीं लौटी, जबकि हवा सिंह और रविदत्त कुछ समय पहले ही गांव लौटे हैं। जांच अधिकारी राकेश कुमार ने बताया कि महाबीर के बेटे अनूप ने ही शनिवार को फायरिंग की। अनूप पर कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह तिहाड़ जेल से बाहर आया है।