गोहाना। नगर परिषद में पुरानी संपत्ति आईडी के रिकॉर्ड को नई में शामिल करने का काम लगभग पूरा कर लिया गया है। इससे जहां नगर परिषद के कर्मचारियों को राहत मिली है, वहीं उपभोक्ता भी अपनी संपत्ति आईडी व संपत्ति कर को स्वयं जांच सकेंगे।
नगर परिषद में 27 हजार पुरानी संपत्ति आईडी को नई बनाई गई संपत्ति आईडी में शामिल किया गया है। कर्मचारियों की तरफ से रोजाना 300 से 400 पुरानी आईडी के रिकॉर्ड को नई आईडी में शामिल किया जा रहा है। हालांकि नगर परिषद की तरफ से 7 हजार नई आईडी बनाई गई है। उनको पूरी तरह से ऑनलाइन कर दिया गया है। नगर परिषद में अब 90 फीसदी संपत्ति आईडी ऑनलाइन कर दी गई है। जिससे उपभोक्ताओं को सीधा फायदा मिलेगा। उपभोक्ताओं को नई आईडी के माध्यम से एक क्लिक के बाद संपत्ति आईडी का पूरा रिकॉर्ड मिल जाएगा। जिसके बाद उपभोक्ताओं को संपत्ति कर का भुगतान करने व अपनी संपत्ति आईडी की जानकारी लेने में कोई दिक्कत नहीं आएगी।
संपत्ति कर जमा कराकर उपभोक्ता ले सकेंगे नो ड्यूज
नगर परिषद में उपभोक्ताओं की संपत्ति आईडी को ऑनलाइन कर दिया गया है। उपभोक्ता अब संपत्ति कर जमा कराकर तुरंत नो ड्यूज ले सकेंगे। पहले उपभोक्ता के रिकॉर्ड की जांच की जाती थी, उसके बाद उपभोक्ता को नो ड्यूज दिया जाता था। अब औपचारिकता कम हो गई हैं और उपभोक्ता संपत्ति कर जमा कराकर अपना नो ड्यूज ले सकता है।
वर्जन
नगर परिषद की पुरानी 27 हजार संपत्ति आईडी को नई संपत्ति से जोड़ा गया है। अब उपभोक्ताओं की परेशानी दूर हो जाएगी। उसके बाद उपभोक्ता आसानी से संपत्ति कर का भुगतान कर सकेंगे और संपत्ति कर का भुगतान करने के बाद तुरंत नो ड्यूज भी ले सकेंगे। -पवित्र गुलिया, सचिव, नगर परिषद, गोहाना