झज्जर। गोकुलधाम महातीर्थ के संचालक सुनील निमाणा की हत्या के प्रयास के मामले में गोशाला प्रांगण में रविवार को पंचायत का आयोजन किया गया। इसमें काफी संख्या में श्रद्धालु और ग्रामीण शामिल हुए। करीब तीन घंटे चली पंचायत में पुलिस को मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए शनिवार 13 जुलाई तक का समय दिया गया। यह भी चेताया गया कि यदि मुख्य आरोपी मोहित की गिरफ्तारी नहीं होती तो 14 को गोकुलधाम गोशाला में सर्वखाप पंचायत का आयोजन किया जाएगा। उसमें अगले आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी।
पंचायत में डीएसपी धर्मबीर सिंह भी अपनी टीम के साथ पहुंंचे। करीब तीन घंटे तक चली पंचायत में ग्रामीण और पुलिस अधिकारियों ने अपनी अपनी बात रखी। डीएसपी का कहना था कि पुलिस गिरफ्तारी का पूरा प्रयास कर रही है। बाद में पंचायत में पुलिस को 13 जुलाई तक का समय देने पर सहमति बनी। गोशाला संचालक सुनील निमाणा ने कहा कि यदि घटना वाले दिन पुलिस मुख्य आरोपी मोहित की लाेकेशन का सर्च कर उसकी गिरफ्तारी कर लेती तो मोहित अब तक सलाखों के पीछे चला गया होता, लेकिन पुलिस ने ऐसा नहीं किया। उन्होंने कहा कि पुलिस को शनिवार तक का समय दिया गया है। इस अवधि में यदि पुलिस मोहित को गिरफ्तार नहीं करती है तो फिर आंदोलन की रूपरेखा सर्व खाप पंचायत में तय की जाएगी। इस अवसर पर जगदीश, रणबीर गुलिया, कुलवीर, साहिल, मनसुख, कुलदीप, आजाद, रणदीप, आचार्य आजाद, अनिल पहलवान, सुनील गुलिया, ब्रह्मानंद, महावीर गुलिया, मलखान, जितेंद्र, बलजीत, सतबीर मौजूद रहे।
यह था मामला, इसलिए हुई पंचायत
गांव समसपुर माजरा में एक सामाजिक कार्यक्रम के दौरान गोकुलधाम गोशाला के संचालक सुनील निमाणा की कनपटी पर पिस्तौल तानकर उन्हें जाने से मारने का प्रयास किया गया था। आरोप गोशाला के ही पूर्व कर्मचारी मोहित व उसके साथी रिंकू पर था। घटना के बाद से आरोपी फरार हो गए थे। आरोपियों में से रिंकू नामक आरोपी को तो पुलिस ने घटना के चार-पांच रोज बाद गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी मोहित अभी भी पुलिस पकड़ से बाहर है। उसकी गिरफ्तारी को लेकर कुछ दिन पहले सामाजिक पंचायत का आयोजन कर पुलिस को 6 जुलाई तक का समय दिया था लेकिन गिरफ्तारी पुलिस नहीं कर पाई तो रविवार को गोशाला के अंदर गुलिया खाप की सामाजिक पंचायत का आयोजन सुनील गुलिया की अध्यक्षता में हुआ।