बदमाशों ने मंगलवार को दिनदहाड़े फाइनेंस कंपनी के कारिंदे पर पिस्तौल तानकर 1 लाख 72 हजार 600 रुपये लूट लिए। वारदात सांपला रोड को बहादुरगढ़ रोड से मिलने वाले छोटे बाईपास पर हुई। लुटेरे जाते समय कारिंदे का मोबाइल फोन, बाइक की चाबी व पर्स भी ले गए। पुलिस ने सूचना के बाद आसपास के क्षेत्र को सील कर छानबीन शुरू की, लेकिन देर सायं तक लुटेरों के बारे में कोई सुराग नहीं लगा था।
एचडीएफसी बैंक के ऊपर उजीवन फाइनेंसर सर्विसेज का कार्यालय है। मंगलवार को कंपनी में काम करने वाला कनीना, महेंद्रगढ़ निवासी ऋषिराज बाइक पर गांव भदाना, दुल्हेड़ा, खेड़का गुर्जर स्थित महिला स्वयं सहायता समूहों को दिए गए ऋण की किस्त वसूल कर लौट रहा था। उसके पास रिकवरी के 1 लाख 72 हजार 600 रुपये थे।
उसने बहादुरगढ़ रोड से छोटे बाईपास के रास्ते सांपला रोड की रोड पकड़ी थी। वह अभी सांपला रोड से करीब दो सौ मीटर दूर था कि पीछे से एक पल्सर बाइक पर सवार दो युवकों ने अपनी बाइक उसकी बाइक के आगे अड़ाकर ऋषिराज को गिरा दिया। ऋषिराज के अनुसार बाइक सवार दोनों युवक आए और एक ने उसके सिर और दूसरे ने उसकी छाती पर पिस्तौल लगा दी।
विरोध करने पर गोली मारने की धमकी दी। युवकों ने उसका बैग छीन लिया। जिसमें रिकवरी की राशि थी। साथ ही उसका मोबाइल फोन, बाइक की चाबी और उसका पर्स भी छीन लिया।
मुंह पर काला कपड़ा, सिर पर था हेल्मेट
ऋषिराज ने बताया कि लुटेरे युवक पल्सर बाइक पर सवार थे। दोनों ने मुंह पर काला कपड़ा लपेट रखा था और सिर पर हेल्मेट भी पहने हुए थे। पल्सर बाइक काले कलर की थी, जिस पर लाल पट्टी लगी थी। बाइक की नंबर प्लेट पर एसपी लिखा हुआ था। कोई नंबर इस पर नहीं लिखा था। दोनों युवक उसे गोली मारने की धमकी देकर डरा रहे थे। उससे नकदी लूटने के बाद दोनों सांपला रोड की तरफ फरार हो गए।
राहगीर के फोन से दी जानकारी
ऋषिराज ने लुटेरों के फरार होने के बाद हौंसला जुटाया। वहां से गुजरने वालों से मदद मांगी। इस बीच एक स्कूटी सवार ने उसकी सहायता की। ऋषिराज ने उसके फोन से पुलिस को वारदात की जानकारी दी। कुछ देर बाद ही चौकी प्रभारी बलजीत व सीआईए पुलिस मौके पर पहुंची। आसपास के नाकों पर भी अलर्ट किया गया। कुछ देर बाद डीएसपी राजीव कुमार भी मौके पर पहुंचे और वारदात के बारे में ऋषिराज से पूछताछ की।
3 साल से कर रहे हैं काम
उजीवन फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी अरूण ने बताया कि करीब तीन साल से कंपनी झज्जर में काम कर रही है। लूट की यह पहली वारदात हुई है। महिला सहायता समूहों को भी ऋण दिया गया है। इनके यहां से कंपनी ऋण की किस्त की मंथली रिकवरी करती है। ऋषिराज मंगलवार को गांवों से रिकवरी कर लौट रहा था। उसके पास 1.72 लाख रुपये थे फिर भी उसने सीधे रास्ते से आने की बजाय बाईपास का सुनसान रास्ता क्यों पकड़ा, पुलिस इसको लेकर उससे पूछताछ कर रही है। हालांकि उसका यही कहना है कि उसे सांपला रोड से भी रिकवरी करनी थी।
फाइनेंस कंपनी के कारिंदे ने पुलिस को लूट की सूचना दी थी। उसने बताया कि बाइक सवार पिस्तौल के बल पर 1.72 लाख रुपये लूट ले गए। पुलिस वारदात को लेकर उससे से पूछताछ कर रही है। अज्ञात के युवकों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज कर सुराग लगाया जा रहा है।
-राजीव कुमार, डीएसपी।