बहादुरगढ़। किसानों को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन द्वारा सीमाओं पर कई लेयर की बैरिकेडिंग व सड़कों को खोदकर, नुकीली तारें लगाई गई हैं। सरकार किसानों के साथ तानाशाही का रूप अपना रही है। यह बात पत्रकारों से बातचीत करते हुए किसान नेता रमेश दलाल ने कही।
उन्होंने कहा कि सड़कों पर नुकीली कीलें ठोंकना, किसानों को जबरन रोकना किसी को गिरफ्तार करने जैसा है। संविधान में सबको अपनी बात रखने, आजादी से आने-जाने का हक है। दलाल ने कहा कि कई जगह पर किसानों के साथ अभद्र व्यवहार किया गया है। उनको रोकने के लिए आंसू गैस के गोले दागे गए और कई जगह पर किसानों को गिरफ्तार भी किया गया है। इंटरनेट को बंद करना सरकार का निंदनीय कदम है। सरकार दमनकारी नीति छोड़कर वार्ता के माध्यम से किसानों की समस्या का हल करें। उन्होंने कहा कि सरकार को शांतिपूर्ण तरीके से वार्ता के माध्यम से किसानों के साथ बात करनी चाहिए और उनकी समस्याओं का हल करना चाहिए। स्वतंत्र भारत में देश के किसानों को भी अपनी बात रखने का हक है। सरकार व प्रशासन को किसानों की आवाज को दबाना नहीं चाहिए।