बहादुरगढ़। केएमपी के साथ-साथ निर्माणाधीन हरियाणा ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर के लिए अधिगृहीत की जा रही जमीन का मुआवजा बढ़ाने की मांग को लेकर किसानों का धरना रविवार को 82वें दिन भी जारी रहा। इस मौके पर झज्जर के डीसी शक्ति सिंह धरना स्थल पहुंचे और किसानों को सूचना दी कि प्रशासन व किसान नेताओं के बीच मुआवजा बढ़ाने के लिए सहमति बन गई है।
किसानों को संबोधित करने के बाद डीसी ने पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने बताया कि कुछ जमीन का मुआवजा लगभग दोगुना हो जाएगा और बाकी के मुआवजे में 10 से 15 प्रतिशत बढ़ोतरी होगी। उन्होंने किसान नेता रमेश दलाल और धरनारत किसानों की प्रशंसा करते हुए कहा कि ये आंदोलन शांति और कानून का पालन करने के लिए सदैव याद किया जाएगा। रमेश दलाल और किसानों ने उपायुक्त शक्ति सिंह का फूलों से स्वागत करते हुए कहा कि सभी किसान मुख्यमंत्री मनोहर लाल और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आभारी हैं। लेकिन बढ़ोतरी की लिखित मंजूरी मिलने तक किसानों का धरना जारी रहेगा।
साथ ही दलाल ने कहा कि सोनीपत जिले के गांवों की जमीन का मुआवजा अब तक नहीं बढ़ा है। इसलिए सोमवार को किसान सोनीपत उपायुक्त के कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करेंगे। साथ ही सोनीपत के किसानों का मुआवजा नहीं बढ़ने तक आंदोलन जारी रहेगा। झज्जर और सोनीपत जिले के किसानों के बीच कोई भेदभाव नहीं होना चाहिए। किसानों की प्रमुख मांगो में बराही से बामडोली होते हुए 66 फुट का रोड बनाने की मांग भी शामिल है। इस अवसर पर बीजे प्रधान, ओम साहब मांडोठी, दिलबाग दलाल, नवीन मांडोठी, सोमबीर मांडोठी, सुजान सिंह, चीता पहलवान, बिजेंद्र मंडोरा, मांडोठी, महताब, नरेंद्र दहिया, अतर सिंह, जगदीश उर्फ जंगली, सरदारे जसौरखेड़ी आदि मौजूद रहे।