पिता-माता का नाम व्यवसाय, जन्मतिथि सहित कई कालमों में लोगों ने जानकारी नहीं भरी, इसे जल्द पूरा कराना होगा
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फोटो-11
संवाद न्यूज एजेंसी
झज्जर। सरकार ने सभी योजनाओं का लाभ परिवार पहचान पत्र के माध्यम से देना शुरू कर दिया है। परिवार पहचान पत्र पर आय व अन्य जानकारी सत्यापित होने पर ही योजनाओं का लाभ मिलेगा, यदि आपने भी परिवार पहचान पत्र में अधूरी जानकारी भरी है तो उसे जल्द से जल्द ठीक करवाए। ऐसा नहीं करने पर सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिलेगा। ऐसे परिवार पहचान पत्र नहीं खुलेंगे।
इन परिवार पहचान पत्रों की जानकारी अपडेट किए जाने पर ही यह खुल पाएंगे और उसके बाद सत्यापित पीपीपी अपलोड करने पर ही योजनाओं का लाभ मिल सकेगा। नागरिक संसाधन सूचना विभाग के पास प्रतिदिन ऐसे केस आ रहे हैं, जिनमें आधी अधूरी जानकारी भरने के बाद पीपीपी खुल नहीं रही और न ही लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिल पा रहे हैं। ऐसे में लोगों को चाहिए कि वह अपने नजदीकी बीडीपीओ कार्यालय या कॉमन सर्विस सेटर में जाकर परिवार पहचान पत्र को ठीक करने के लिए आवेदन करा सकते हैं। ऐसे मामलों में पिता का नाम, माता का नाम, व्यवसाय, जन्मतिथि सहित कई कालमों में जानकारी नहीं भरी गई है। इस कारण दिक्कत आ रही है। अधूरे पीपीपी को पूरा करने व मोबाइल नंबर ठीक करने के बाद भी लोगों को अपना परिवार पहचान पत्र हस्ताक्षर करके उसे दोबारा अपडेट करना होगा। यदि ऐसा नहीं किया जाएगा तो बिना हस्ताक्षर वाली पीपीपी आईडी को भी विभाग डिलीट कर देता है।
एक मोबाइल नंबर दर्ज है तो नहीं खुलेगी पीपीपी
परिवार पहचान पत्र में सामने आ रहा है कि एक ही मोबाइल नंबर कई-कई परिवार पहचान पत्रों में दर्ज है। ऐसे में अब लोगों को अपना एक ही मोबाइल नंबर परिवार पहचान पत्र में दर्ज कराना होगा। यदि उनका मोबाइल नंबर किसी दूसरे परिवार पहचान पत्र में दर्ज होगा तो दोनों पीपीपी नहीं खुलेंगी और एक परिवार पहचान पत्र बंद हो जाएगा। लोग स्वयं भी इसे ठीक करा सकते हैं। बेशर्ते आधार नंबर पर नया नंबर अपडेट होना चाहिए। उसके बाद स्वयं या काॅमन सर्विस सेंटर पर जाकर मोबाइल नंबर ठीक किया जा सकता है।
वर्जन
एक मोबाइल नंबर अलग-अलग परिवार पहचान पत्र में नहीं होना चाहिए। केवल एक ही नंबर एक पीपीपी में दर्ज होगा। यदि वह अलग-अलग दर्ज हो जाएगा तो उसे बंद कर दिया जाएगा। इससे पात्रों को परेशानी होगी। इसलिए एक मोबाइल नंबर केवल एक ही परिवार पहचान पत्र में दर्ज होना चाहिए न कि अलग-अलग परिवार पहचान पत्र में। लोग बीडीीओ कार्यालय में क्रीड कर्मचारियों या सीएससी से जाकर भी इसके लिए आवेदन कर सकते हैं।
योगेश, जिला प्रबंधक, नागरिक संसाधन सूचना विभाग, झज्जर