फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लूट के मामले में पुलिस के हाथ खाली

विज्ञापन
विज्ञापन
सोने पर सवाल, 48 घंटे में चार बार बदला बयान, अब सीआईए को सौंपी जांच
विज्ञापन

बहादुरगढ़। रोहतक-दिल्ली रोड (बाईपास) पर हिसार के व्यापारियों के साथ हुई लूट के मामले में पुलिस के हाथ खाली हैं। वारदात के दो दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी तक यह पता नहीं कर पाई है कि व्यापारी सोना किस काम के लिए ले जा रहा था। लूट की धातु सोना ही थी या फिर पीतल, इस दृष्टि से भी पुलिस तफ्तीश कर रही है। वहीं अब इस मामले की जांच सेक्टर छह थाना पुलिस से लेकर सीआईए-वन बहादुरगढ़ को सौंप दी गई है। फिर भी सोने पर अभी सवाल बना हुआ है। सोना कहां से लाया गया, किस काम के लिए लाया गया आदि। पुलिस की मानें तो महावीर चार से छह बार बयान बदल चुका है। कभी कहता है कि खुद के लिए लाया, कभी कहता है किसी ने मंगाया था। वह कुछ भी स्पष्ट जवाब नहीं दे रहा। इस संबंध में कोई रसीद भी वह पुलिस को नहीं दिखा सका है। शंका ये भी है कि महावीर ज्वेलर्स न होकर प्रॉपर्टी डीलर है। इतनी मात्रा में सोना उसके पास कैसे था। फिलहाल मुकदमा सोने की लूट का दर्ज हुआ है लेकिन दो दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस सोने के बारे में स्थिति स्पष्ट नहीं कर पाई है। इस मामले की जांच में पुलिस की छह टीमें जुटी हैं। मंगलवार की रात हुई वारदात को सुलझाने के लिए सीआईए-वन, सीआईए-टू, सेक्टर छह थाने सहित जिला पुलिस की छह टीमें लगी हुई हैं। दिल्ली में ये तीनों व्यापारी जहां-जहां गए वहां भी पुलिस टीमें गईं, सीसीटीवी फुटेज भी खंगाली। व्यापारियों द्वारा वारदात की जो बयान पुलिस को दिए गए उस पर भी पुलिस बारीकी से काम कर रही है। गाड़ी को टक्कर मारने वाली बात को भी पुलिस बार-बार जांच कर रही है। दरअसल, आई-10 हैचबैक गाड़ी है और सफारी मिड साइज एसयूवी है। ऐसे में पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि यदि सफारी ने आई-10 को टक्कर मारी तो कहां लग सकती है। हालांकि ये तमाम प्रयोग पुलिस कर चुकी है, लेकिन इस बारे में अभी कुछ पुष्टि नहीं कर रही। बदमाशों का भी अभी कुछ पता नहीं चल पाया है।
विज्ञापन


ये है मामला
सेक्टर छह थाने में दर्ज मुकदमे के मुताबिक, हिसार निवासी राजकुमार, विशाल और महावीर मंगलवार को दिल्ली गए थे। मील व्यापारी राजकुमार ने दिल्ली के घंटाघर स्थित एक कंपनी से 21 लाख 60 हजार एकत्र किए, जबकि महावीर व विशाल करोल बाग से पांच किलो सोना लेकर चल दिए। तीनों पंजाबी बाग में इकट्ठे हुए और हिसार के लिए चल दिए। जब बहादुरगढ़ में बाईपास पर कैंटाबिल फैक्टरी के नजदीक पहुंचे तो लुटेरों ने इन्हें अपना शिकार बनाया। दो गाड़ियों में सवार होकर आए छह बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया। पहले एक सफारी ने पीछे से इन व्यापारियों की कार में टक्कर मारी और इन्हें झगड़े में उलझाया। दूसरी गाड़ी इनोवा में सवार होकर आए बदमाश कार लेकर भाग गए। बाद में कुछ दूरी पर कार तो छोड़ गए लेकिन उनमें रखे बैग ले गए। एक बैग में महावीर का पांच किलो सोना और दूसरे में राजकुमार के 21 लाख 60 हजार रुपये थे।
विज्ञापन

.............
सोना है या नहीं, अगर है तो कहां से आया ये जांच का हिस्सा है। पुलिस की छह टीमें जांच में जुटी हैं। जल्द ही इस मामले को सुलझा लिया जाएगा।
अजायब सिंह, डीएसपी, बहादुरगढ़।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें