अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर।
उपायुक्त सोनल गोयल ने कहा कि जिले की मुख्य मार्गों से जोड़ने वाली संपर्क सड़कों पर ब्रेकर बनाना सुनिश्चित करें। ताकि सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लग सके। उन्होंने कहा कि ब्लाइंड मोड़ की पहचान करते हुए वहां सूचनात्मक बोर्ड लगाया जाए। उपायुक्त बुधवार को झज्जर लघु सचिवालय कांफ्रेंस हाल में सड़क सुरक्षा पॉलिसी के तहत संबंधित विभागीय अधिकारियों की बैठक ले रही है। उपायुक्त ने राष्ट्रीय राजमार्ग, राजमार्ग सहित अन्य विभागों के मार्गों पर सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए तथा कहा कि सड़कों पर सफेद पट्टी लगवाने के साथ ही भारी वाहनों के पीछे रिफ्लेक्टर लगाने को कहा।
उन्होंने जिले के उपमंडल के सभी एसडीएम को पुलिस विभाग के साथ संयुक्त टीम बनाते हुए स्कूल वाहनों की जांच करें तथा यह देखें की सीसीटीवी कैमरे वाहन में चालू हालत में हों साथ ही 15 दिन की सीसीटीवी फुटेज भी स्टोर का रिकार्ड अपडेट रखवाएं। स्कूल बसों का उचित रखरखाव के साथ-साथ चालक व परिचालक निर्धारित मैनुअल के अनुसार वर्दी में होने चाहिए। बस में महिला हेल्पर, आपातकालीन द्वार चालू हालत में तथा अग्निशमन यंत्र भी अवश्य होने चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर अगर नीति का उल्लंघन पाया गया तो संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यातायात पुलिस को निर्देश दिए कि सड़क पर परिचालन के दौरान बसों में उपलब्ध सुविधाओं की जांच करें।
उन्होंने आरटीए विभाग के अधिकारियों से कहा कि स्टेट हाइवे, राष्ट्रीय हाइवे पर अवैध कब्जों को हटाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। ओवर लोडिड वाहनों पर निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग (सड़क व भवन) विभाग के अधिकारियों से कहा कि सड़क पर साइन बोर्ड और स्पीड ब्रेकर नियमानुसार होने चाहिए। स्पीड ब्रेकर से पहले सड़क पर ब्रेकर साइन जरूरी है ताकि वाहन चालक सतर्कता व सावधानी के साथ अपना सफर सुरक्षित पूरा कर सकें।
इस अवसर पर एसडीएम झज्जर रोहित यादव, एसडीएम बहादुरगढ़ जगनिवास, एसडीएम बादली त्रिलोक चंद, सीटीएम अश्विनी कुमार सहित जिला के पुलिस यातायात अधिकारियों सहित सीएम यातायात सहयोगी गोपाल धवन उपस्थित रहे।