अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी। मई 2018 में गांव चरखी के एससीआर स्कूल में हुई सेना भर्ती प्रक्रिया में दो युवकों के दस्तावेजों में फर्जीवाड़ा करने का मामला सामने आया है। दोनों आरोपी फिजिकल, मेडिकल और लिखित परीक्षा पास कर चुके हैं लेकिन जब उनके दस्तावेजों की सैन्य अधिकारियों ने जांच की तो फर्जीवाड़ा पकड़ में आ गया। दोनों ने दोबारा दसवीं कक्षा पास की है और सर्टिफिकेट में अपनी उम्र चार और छह साल छोटी दिखाई है। चरखी दादरी सेना भर्ती कार्यालय कर्नल एकेएस पिल्लई ने सिटी थाना पुलिस को शिकायत सौंपी है जिसके आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। सैन्य जांच में महेंद्रगढ़ जिले के दो स्कूलों के प्रधान अध्यापकों की संलिप्तता भी सामने आई है और उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई करने की सिफारिश शिकायत में की गई है।
चरखी दादरी सेना भर्ती कार्यालय की ओर से जिला प्रशासन के सहयोग से मई 2018 में चरखी गांव के एससीआर स्कूल मैदान में पांच जिलो की भर्ती आयोजित की गई थी। इसमें महेंद्रगढ़ जिला के बुडवाल गांव निवासी लेखराम और गुढिन गांव निवासी प्रीतम ने भाग लिया था। इन्होंने जो दस्तावेज जमा करवाए थे उनकी जब जांच की गई तो फर्जीवाड़ा उजागर हुआ है। कर्नल एकेएस पिल्लई ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि लेखराम ने 17 मई 2018 को सेना भर्ती का फिजिकल टेस्ट पास किया था। 18 मई 2018 को उसका मेडिकल हुआ था और 29 जुलाई 2018 को उसने लिखित परीक्षा पास की थी। उसने ओवर एज होने के चलते दसवीं कक्षा के सर्टिफिकेट में अपनी जन्मतिथि चार साल नौ माह छोटी करवा ली। इसी प्रकार दूसरे आरोपी प्रीतम ने अपनी जन्मतिथि पांच साल दस माह छोटी करवाकर मई 2018 में हुई सेना भर्ती देखी थी। प्रीतम ने फिजिकल परीक्षा 18 मई 2018 को, मेडिकल 19 मई 2018 को और लिखित परीक्षा 29 जुलाई 2018 को पास की थी। उसके भी दस्तावेजों की जांच करने पर चालाकी पकड़ी गई।
यूं कराई दोनों ने उम्र छोटी
सैन्य अधिकारी की मानें तो लेखराम की वास्तविक जन्मतिथि एक जनवरी 1994 है। उसने दोबारा दसवीं कर अपनी जन्मतिथि 11 अक्तूबर 1998 दर्ज कराई। इसी प्रकार प्रीतम की वास्तविक जन्मतिथि आठ अगस्त 1998 है लेकिन उसने भी दोबारा दसवीं कर इसे 20 अक्तूबर 1998 करवा लिया। इस तरह ओवर एज होने के बाद बावजूद उक्त दोनों ने फर्जीवाड़ा कर सेना भर्ती प्रक्रिया में भाग लिया।
एक आरोपी तीन तो दूसरा देख चुका है दो सेना भर्ती
आरोपियों की चालाकी पूर्व में हुई सेना भर्ती के रिकॉर्ड से मई 2018 के रिकॉर्ड का मिलान करने पर सामने आ गई। सैन्य आंकड़ों के अनुसार आरोपी लेखराम तीन सेना भर्ती देख चुका है। उसने 2013, 2014 और 2015 में हुई भर्तियों में भाग लिया था। वहीं, दूसरा आरोपी प्रीतम मई 2018 की भर्ती से पहले दो भर्ती प्रक्रिया में भाग ले चुका है। उसने 2013 और 2015 में हुई सेना भर्ती प्रक्रिया में हिस्सा लिया था।
दो साल में सेना भर्ती फर्जीवाड़े के 25 मामले दर्ज
सिटी थाना पुलिस के रिकॉर्ड अनुसार पिछले दो सालों में सेना भर्ती प्रक्रिया में फर्जीवाड़ा करने वाले 25 युवकों पर धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामले दर्ज किए गए हैं। 2017 में दस और 2018 में 15 केस दर्ज हुए हैं। इन मामलों के आरोपी भिवानी, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी जिलों के रहने वाले हैं।
चरखी दादरी सेना भर्ती कार्यालय की तरफ से इस संबंध में हमें शिकायत मिली थी जिसके आधार पर महेंद्रगढ़ जिला निवासी दोनों आरोपियों के खिलाफ हमने केस दर्ज कर लिया है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। आरोपी लेखराम बुडवाल गांव और प्रीतम गुढिण गांव का रहने वाला है।
दलबीर सिंह, सिटी थाना प्रभारी, चरखी दादरी
दोनों आरोपी फिजिकल, मेडिकल और लिखित परीक्षा पास कर चुके हैं। इनके दस्तावेजों की जांच की गई तो फर्जीवाड़ा पकड़ में आ गया। पहले भी इन्होंने सेना भर्ती प्रक्रिया में भाग लिया है और उसमें जो दस्तावेज जमा कराए थे उनसे मिलान करने पर फर्जीवाड़ा पकड़ में आया। सिटी थाना पुलिस को हमने शिकायत सौंप दी है।
कर्नल एकेएस पिल्लई, सेना भर्ती कार्यालय निदेशक, चरखी दादरी