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रोहद टोल पर रोडवेज व टोल कर्मियों के बीच विवाद

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अमर उजाला ब्यूरो
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बहादुरगढ़।
गांव रोहद में स्थित टोल प्लाजा पर शनिवार को रोडवेज बस के कंडक्टर और टोल कर्मियों के बीच विवाद हो गया। इतना ही नहीं मामला कहासुनी, गाली-गलौच के बाद हाथापाई तक पहुंच गया। झगड़े के बाद गुस्साए रोडवेज कर्मियों ने टोल की तीन लाइनों के बीच में ही बसें रोक दी, जिससे मार्ग पर यातायात प्रभावित हो गया। जाम की वजह से वाहन चालकों को तो परेशानी हुई ही, साथ ही टोल कंपनी को भी काफी नुकसान हुआ है। दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे पर मारपीट करने के आरोप लगाए जा रहे हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
दरअसल, भिवानी डिपो की एक बस शनिवार की सुबह भिवानी से दिल्ली के लिए चली। करीब साढ़े 11 बजे यह बस रोहद टोल प्लाजा पर पहुंची। यहां वाहनों की काफी लंबी लाइन लगी हुई थी। वाहनों के आगे न बढ़ते देख बस का कंडक्टर संजय आगे बूथ पर चला गया और टोल टैक्स की वसूली कर रहे कर्मचारी से जाम लगने के बारे में पूछताछ करने लग गया। इसी दौरान परिचालक और टोल कर्मचारी के बीच किसी बात पर विवाद हो गया। कहासुनी के चलते परिचालक और अचानक मौके पर पहुंचे कई युवकों के बीच नौबत मारपीट तक पहुंच गई। यह देख बस का चालक व यहां से गुजर रही दो रोडवेज बसों के चालक-परिचालक भी बूथ पर पहुंच गए। काफी देर तक लोगों द्वारा बीच-बचाव कराने के बाद मामला शांत हुआ। इसके बाद युवक तो वहां से चले गए, मगर गुस्सा रोडवेज कर्मियों ने तीनों लाइनों में बसें अड़ा दी। करीब आधा घंटे तक नेशनल हाइवे पर जाम लग गया। सूचना मिलते ही सदर थाना पुलिस प्रभारी इंस्पेक्टर जसबीर सिंह, आसौदा चौकी प्रभारी दयाचंद व अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे और रोडवेज कर्मियों को शांत कराया।
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दूसरे वाहनों में गंतव्य तक पहुंचे यात्री
इस झगड़े के कारण रोडवेज बसों में सवार यात्री भी काफी परेशान हो गए। काफी देर तक इंतजार करने के बाद यात्री दूसरे वाहनों में सवार होकर अपने गंतव्य तक पहुंचे। करीब आधा घंटे के बाद रोडवेज कर्मी पीछे हटे तो नेशनल हाइवे पर यातायात सामान्य हो पाया। वाहन चालकों को राहत मिली।
परिचालक का आरोप
संजय ने कहा कि टोल पर काफी देर से टोल की लाइन में गाड़ियां रुकी हुई थी। वह तो टोल कर्मी से इसका कारण पूछने गया था। टोलकर्मी ने कहा कि कंप्यूटर स्लो है। मैंने कहा कि आगे जो गाड़ी खड़ी है, उसकी आईडी लेकर उसे साइड में करा दो। पीछे बस में सवारियां परेशान हो रही हैं। पर्ची काटकर हमें जाने दो। लेकिन टोल कर्मी गलत बोलने लगा। तभी एक और युवक वहां आया और उसने अभद्र व्यवहार शुरू कर दिया। मैंने विरोध किया तो कई अन्य युवकों ने आकर उसके साथ मारपीट शुरू कर दी।
टोल कंपनी का पक्ष
टोल के अधिकारी विनोद जाधव ने कहा कि रोडवेज कर्मियों ने जबरदस्ती गाड़ी निकालने की कोशिश की। इस कारण कर्मचारियों और उनके बीच विवाद हुआ। इसके बाद रोडवेज कर्मियों ने जाम लगाया। करीब एक घंटे तक जाम लगा रहा। इस वजह से कंपनी को करीब एक लाख रुपये का नुकसान हुआ है।
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बोले पुलिस अधिकारी
सदर थाने के प्रभारी इंस्पेक्टर जसबीर सिंह ने कहा कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई थी। बसों को हटवाकर यातायात सुचारु करा दिया था। मामले की जांच की जा रही है। हाइवे जाम करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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