झज्जर। बाजरे की खरीद एक अक्तूबर से हाेनी थी, लेकिन एजेंसियों में आपसी तालमेल न होने के कारण मंगलवार से खरीद शुरू नहीं हो पाई थी। बुधवार को समस्या का समाधान के बाद खरीद शुरू हो गई। बुधवार शाम तक जिले की मंडियों में 30 हजार क्विंटल बाजरा पहुंच गया था, जिसमें से 23 हजार क्विंटल बाजरा की खरीद हुई। जिले के 902 किसानों के गेट पास काटे गए।
झज्जर मंडी में कुल 12510 क्विंटल बाजरे की आवक हुई और पहले ही दिन 10067 क्विंटल बाजरे की खरीद की गई। धान की खरीद 27 सितंबर से होनी थी, वहीं बाजरे की खरीद एक अक्तूबर से होनी थी, लेकिन धान की आवक अब तक मंडियों में नहीं हुई। बाजरा खरीद को लेकर आवंटित की गई एजेंसियों में सही से आपसी तालमेल नहीं होने के कारण बाजरे की खरीद एक दिन देरी से शुरू हुई। बुधवार को करीब 6300 क्विंटल बाजरा मंडी में पहुंचा।
अब तक कुल 12500 क्विंटल बाजरे की आवक हुई है। खरीद शुरू होते ही पहले ही दिन 10067 क्विंटल बाजरे की खरीद की जा चुकी है। मंडी में किसानों को किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं हो, इसके लिए सहायता केंद्र बनाए गए हैं। मार्केट कमेटी के अधिकारियों ने पहले ही पानी और शौचालय की सुविधाओं को दुरुस्त कर दिया है ताकि आने वाले किसानों को कोई परेशानी ना हो। धान की फसल की आवक की बात करे तो एक सप्ताह बीत जाने के बाद भी अभी तक धान की फसल मंडी में नहीं पहुंची है। आढ़तियों का मानना है कि धान की फसल को आने में अभी और समय लगेगा। र