हरियाणा के बहादुरगढ़ में नजफगढ़ रोड के बाईपास फ्लाईओवर के नजदीक अवैध रूप से चलाए जा रहे आरएमसी (रेडी मिक्स कंक्रीट) प्लांट पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की टीम ने छापा मारा। बाद में टीम ने जीएसटी, बिजली, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और नगर योजनाकार विभाग के अधिकारियों को भी मौके पर बुलाया गया।
हालांकि प्रदूषण विभाग की ओर से आरएमसी प्लांट को 3 जनवरी को नोटिस दिया गया था। आरएमसी प्लांट को चलाने के लिए प्रदूषण विभाग से किसी तरह की कोई एनओसी और सीएलयू नहीं ली गई थी। अब इस संबंध में चंडीगढ़ मुख्य कार्यालय को पत्र लिखा जाएगा। इसके बाद आरएमसी प्लांट को सील करने की कार्रवाई होगी।
टीम में राजेश कुमार और श्रवण कुमार शाामिल रहे। जबकि नगर योजनाकार विभाग की तरफ से जेई राजकुमार, आबकारी विभाग की ओर से एईटीओ सुखबीर सिंह, बिजली विभाग से एसडीओ अजय सिंहरोहा और हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से एसडीओ अमित कुमार मौजूद रहे। सभी विभागों ने संयुक्त रूप से आरएमसी टीम की जांच पड़ताल की।
यह आरएमसी प्लांट एसएस बिल्डर के नाम से चलाया जा रहा है। इनके पास से अधिकारियों को आरएमसी प्लांट चलाने के लिए किसी तरह के अनुमति पत्र नहीं मिले। प्लांट में बिजली का थ्री फेस कनेक्शन लगा हुआ है। खुले में बिल्डिंग मैटेरियल पड़ा हुआ था।
तेज हवाओं के साथ बिल्डिंग मैटेरियल से धूल उड़ रही थी। इसके अलावा कई तरह की अनियमितताएं भी मौके पर टीम को मिली। बिजली विभाग से यहां पर बिजली का कनेक्शन देने की रिपोर्ट तलब की जाएगी कि आखिर बिना सीएलयू के गैरकानूनी तरीके से चल रहे आरएमसी प्लांट को कनेक्शन कैसे दिया गया।
हालांकि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की तरफ से बिना एनओसी के चल रहे आरएमसी प्लांट को नोटिस दिया जा चुका है, लेकिन इसके बाद भी नियमों के तहत एनओसी नहीं ली गई। फिलहाल प्रदूषण विभाग की टीम ने खामियों के आधार पर आरएमसी प्लांट को बंद करने के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिख दिया है।
जल्द ही नियमों के खिलाफ चल रहे आरएमसी प्लांट बंद कर दिए जाएंगे। प्रदूषण विभाग के एसडीओ अमित कुमार ने बताया कि आरएमसी प्लांट को सील करने की कार्रवाई अधिकारियों के आदेश मिलते ही कर दी जाएगी।