क्षेत्र में एक दिन पहले हुई बारिश के बाद भी प्रदूषण का स्तर कम नहीं हो पाया है। अन्य दिनों के मुकाबले रविवार को प्रदूषण का स्तर काफी उच्च रहा। रविवार को छुट्टी होने के कारण लोग प्रदूषण के चलते अपने घरों में ही रहे। जो लोग बाजारों में अपने कामकाज के लिए निकले, उन्होंने प्रदूषण से बचने के लिए अनेक इंतजाम किए थे। दिवाली को बीते हुए भी एक सप्ताह हो गया है, लेकिन प्रदूषण से लोगों को राहत नहीं मिल पाई है। रविवार को लोग जब सुबह सोकर उठे तो मौसम का मिजाज काफी बदला हुआ रहा और प्रदूषण की मात्रा और दिनों की अपेक्षा रविवार को काफी खराब रही। ईपीसीए के निर्देशों के बाद क्षेत्र में चल रही औद्योगिक इकाइयां तो पूरी तरह से बंद रही, लेकिन फिर भी प्रदूषण कम नहीं हो रहा है। 5 नवंबर तक प्रदूषण फैलाने वाली फैक्ट्रियां बंद रखने के निर्देश ईपीसीए की ओर से दिए गए हैं। रविवार को एयर क्वालिटी इंडेक्स अपने उच्चतम स्तर 500 पर पहुंच गया। जबकि न्यूनतम एक्यूआई 368 दर्ज किया गया है। इसके अलावा रविवार को प्रदूषण की पूरे दिन का एक्यूआई 471 पर रहा।
बरतें सावधानी
बिना मास्क के घर से बाहर न निकले।
चार पहिया वाहन चलाते समय उसका शीशा बंद रखें।
बाहर निकलते समय पूरी बांह का कपड़ा पहनकर ही निकलें।
घर के दरवाजे और खिड़कियां बंद रखें, एयर प्यरीफायर लगाएं।
प्रदूषण से बचने के लिए घर में अदरक और तुलसी से बनी चाय पीएं।