बहादुरगढ़। प्रदूषण का स्तर लगातार खराब हो रहा है। हवा जहरीली हो रही है। सीएक्यूएम की ओर से ग्रैप-1 (ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान) लागू हो गया है। जैसे-जैसे प्रदूषण का स्तर बढ़ेगा, पाबंदियां भी बढ़ती जाएंगी। ग्रैप-1 लागू होने के बाद तंदूर, कूड़ा जलाने और तोड़फोड़ पर रोक लगा दी गई है।
हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बार्ड की ओर से भी सख्ती बरती जा रही है। बहादुरगढ़ में 19 स्थान हॉट स्पॉट के रूप मं चिह्नित किए गए हैं। मंगलवार को बहादुरगढ़ में एक्यूआई ऑरेंज कलर में 252 दर्ज किया गया। प्रदूषण रोकने में हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने आमजन से भी सहयोग की अपील की है।
प्रदूषण बीते दो दिनों से खराब स्थिति में है। ऐसे में अब आमजन को भी इसे कम रखने के लिए अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। ग्रैप-1 के तहत सिटिजन चार्टर का पालन करना होगा। आमजन अपनी गाड़ियों के इंजन की ठीक से ट्यूनिंग करवा लें, गाड़ियों के टायर में हवा ठीक रखें। अपनी गाड़ियों के पीयूसी अप टू डेट रखें, रेड लाइट पर गाड़ी को बंद करें। हाइब्रिड गाड़ियां या इलेक्ट्रिक गाड़ियों को प्राथमिकता दें।
जिन गाड़ियों की समय सीमा खत्म हो गई है उन्हें न चलाएं। खुली जगह में कूड़ा न डालें, कहीं प्रदूषण से जुड़ी गतिविधि देखें तो इसकी सूचना तुरंत प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को दें। साथ ही अधिक से अधिक पेड़ लगाएं, त्योहारों को इको फे्ंडली तरीके से मनाएं, पटाखे न जलाएं।
ग्रैप-1 के तहत एहतियात
-निर्माण, तोड़फोड़ साइटों को धूल रोकने के सभी उपायों का पालन करना होगा।
-तय डंप साइट से कूड़ा और मलबा समय-समय पर उठाएं, खुले में न डालें।
-सड़कों पर पानी का छिड़काव हो और मशीनों से सफाई हो। गाड़ी से धुआं निकलने पर एक्शन हों।
-मलबा, निर्माण सामग्री जहां भी रखी हो ढककर रखें। ट्रांसपोर्टेशन ढककर हो।
-रेस्टोरेंट, होटल में कोयले, लकड़ी का इस्तेमाल तंदूर में न हो। इलेक्ट्रिक या गैस वाले तंदूर का इस्तेमाल करें।
-सड़कों पर जाम न लगे, इसके लिए हैवी टै्रफिक वाले कॉरिडोर पर पर्याप्त टै्रफिक कर्मी लगाए जाएं।
-लैंडफिल और डंप साइट्स पर आग रोकने के इंतजाम हो।
वर्जन
आमजन से भी प्रदूषण को बढ़ने से रोकने के लिए सहयोग की अपील की गई है। साथ ही गै्रप-1 की पाबंदियां लागू हो गई हैं। उनका भी आमजन को पालन करना होगा। मंगलवार को बहादुरगढ़ में एक्यूआई 252 पर पहुंचा। आने वाले दिनों में इसके और बढ़ने की संभावना है। इसलिए इसे रोकने के पहले से ही उपाय करने होंगे।-अमित दहिया, एसडीओ प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, बहादुरगढ़