झज्जर। नगराधीश एवं सीएम विंडो-एसएमजीटी के नोडल अधिकारी अश्वनी कुमार ने कहा कि सोशल मीडिया ग्रीवेंस ट्रेकर (एसएमजीटी) पर आने वाली शिकायतों का समाधान 48 घंटे के भीतर होना चाहिए। वहीं अगर किसी समस्या के समाधान में अधिक समय लगने की संभावना हो तो 24 घंटे के भीतर उसके लिए समय की मांग की जा सकती है। उन्होंने यह बात मंगलवार को लघु सचिवालय स्थित कांफ्रेंस हॉल में सीएम विंडो-एसएमजीटी से संबंधित मामलों की समीक्षा करते हुए कही। अश्वनी कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल सीएम विंडो व एसएमजीटी पर आने वाली शिकायतों की स्वयं मॉनीटरिंग करते हैं। ऐसे में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सीएम विंडो पर आने वाली शिकायतों को सभी अधिकारी तुरंत टेक अप करें और अपने विभाग से संबंधित शिकायत को लेकर डीलिंग व्यक्ति को दिन में तीन बार देखने के निर्देश दे। उन्होंने कहा कि सीएम विंडो व एसएमजीटी से संबंधित मामलों पर जिन विभागों की पेंडेंसी अधिक है। उन विभागों के अध्यक्ष पेंडेंसी के लिए स्वयं जवाबदेह होंगे। उन्होंने कहा कि सभी विभाग अपने से संबंधित मामलों को तुरंत टेकअप करते हुए उनका समाधान करें ताकि डेशबोर्ड पर उनका स्कोर बढ़ सके। उन्होंने कहा कि सीएम विंडो व एसएमजीटी से संबंधित मामलों की बैठक में विभागाध्यक्ष स्वयं बैठक में भागीदारी करें अगर किसी कारणवश स्वयं उपस्थित न हुआ जाए तो प्रतिनिधि भेजने के लिए पूर्व अनुमति ले। इस अवसर पर बीडीपीओ मातनहेल परमेंद्र सिंह, बीडीपीओ बादली रामकरण शर्मा, अधीक्षक भूपेंद्र सिंह, नायब तहसीलदार बेरी रमेश चंद्र, नपा सचिव झज्जर नरेंद्र सैनी, नपा सचिव बेरी संजय रोहिल्ला आदि विभिन्न विभागों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।