राष्ट्रपति भवन में कार्तिक जाखड़ व परिजन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलने पहुंचे।
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हरियाणा के झज्जर के झांसवा निवासी 14 वर्षीय कार्तिक जाखड़ ने गुरुवार को सैम अल्टमैन की चुनौती को स्वीकार करते हुए चैट जीपीटी का भारतीय संस्करण रघुराई बोट तैयार किया था, जिसे काफी लोगों ने पसंद किया है। 28 घंटे में करीब 2700 लोगों ने भारतीय संस्करण रघुराई बोट को देखा है। आने वाले दिनों में इसे और अधिक पसंद किया जा सकता है। इसे तैयार करने वाले कार्तिक काफी उत्साहित हैं।
जिन लोगों ने चैट जीपीटी का प्रयोग किया है, उनमें से अधिकतर ने चैट जीपीटी के भारतीय संस्करण के बारे में जानने की उत्सुकता दिखाई। इसके अलावा उसके फाउंडर (संस्थापक) और डाटा सेंटर के बारे में जानने की भी इच्छा जताई है। कुछ ने टेलीफोटो जूम लैंस के बारे में पूछा है तो किसी ने पूछा है कि छात्र किस तनाव के कारण अपनी जीवनलीला समाप्त कर रहे हैं। किसी ने कनाडा तो किसी ने जय हिंद लिखा है। लोगों ने कई प्रकार के सवाल पूछे हैं, जिनका सटीक जवाब चैट बॉक्स के जरिए दिया जा रहा है।
हिंदी और अंग्रेजी के साथ 67 भाषाओं में करता है काम
यह चैट बॉक्स हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं के साथ-साथ 67 भाषाओं में काम करता है। यह ऑटो अपडेटेड जानकारी के साथ है। वीरवार को भारतीय संस्करण रघुराई बोट को कार्तिक ने देश को समर्पित किया था। उन्होंने अपने माता-पिता की मौजूदगी में घर पर ही इसे देश को समर्पित किया था।
पेटेंट के लिए करेंगे आवेदन
कार्तिक ने बताया कि अब तक वह पांच पेटेंट के लिए आवेदन कर चुके हैं। इनका फाइनल होना बाकी है। अब वह रघुराई बोट का पेटेंट कराने के लिए आवेदन करेंगे। कार्तिक ने मानव रोबोट बनाने की भी इच्छा जताई है।