हिसार। जिले के गांव पेटवाड़ निवासी एवं हाल में हिसार के लाजपत नगर में रहने वाले विक्रांत दूहन के सोलर पावर से चलने वाले वायरलेस सेंसर नोड पर किए गए अविष्कार को पेटेंट मिल गया है। यह उपलब्धि हासिल कर विक्रांत दूहन ने हिसार व हरियाणा का नाम रोशन किया है। लाजपत नगर निवासी विक्रांत दूहन इस समय राजस्थान में पीएचईडी विभाग में सहायक अभियंता के पद पर कार्यरत हैं।
उन्होंने बताया आईआईटी मंडी में 2015-17 बैच में एमटेक एनर्जी इंजीनियरिंग की थी। इस दौरान उन्होंने शोध कर सोलर पावर से चलने वाला वायरलेस सेंसर नोड बनाया था। इस नोड की विशेषता यह है कि इसे इंडोर एप्लीकेशन के लिए डिजाइन किया गया है। इसे बिल्डिंग में कहीं भी इंस्टॉल किया जा सकता है और इसकी मदद से उस बिल्डिंग को स्मार्ट बिल्डिंग बनाया जा सकता है। इसके माध्यम से बिल्डिंग के टेंपरेचर को कंट्रोल करना व लाइटिंग को कंट्रोल किया जा सकता है। यह नोड इंटरनेट की मदद से रियल टाइम में डाटा को सेंट्रल कंट्रोल रूम तक पहुंचता है, जहां से बिल्डिंग का कंट्रोल सिस्टम एचवीएसी सिस्टम और लाइटिंग सिस्टम को कंट्रोल करता है।
उन्होंने बताया कि इस तकनीक को एग्रीकल्चर और सिक्योरिटी में भी इस्तेमाल किया जा सकता है। पेटेंट कार्यालय भारत सरकार द्वारा इस अविष्कार के लिए इसके अविष्कारकर्ता को पेटेंट प्रदान किया है। उन्होंने बताया कि उनके इस शोध व अविष्कार में आईआईटी मंडी के सहायक प्रोफेसर सत्वशील व सहायक प्रोफेसर तुषार जैन उनके साथ शामिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपने अविष्कार को पेटेंट मिलने का श्रेय अपने शिक्षकों व परिवार को देते हैं। विक्रांत दूहन के पिता उदयवीर दूहन हरियाणा रोडवेज से महाप्रबंधक पद से सेवानिवृत है।