हिसार। गुरुग्राम में हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम में जिले से 100 बसें भेजे जाने पर सोमवार को यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ी। खासतौर पर यात्रियों को लोकल रूटों पर सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ा। इनमें भूना, उकलाना, तोशाम, मंगाली, स्याहड़वा, दुर्जनपुर, किरमारा, अग्रोहा, भट्टू सहित अन्य रूट शामिल हैं। बसों की सुविधा के लिए यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। हालांकि बूथ पर निजी बसें लगी हुई थीं। मगर इसके बावजूद भी यात्रियों को समय पर बसाें की सुविधा नहीं मिली। जो बसें चल रही थी, उनमें बैठना तो दूर पांव रखने के लिए जगह तक नहीं थी। यात्री बसों के दरवाजे पर लटककर सफर कर रहे थे, वहीं काफी यात्री अपनी जान को जोखिम में डालकर बस की छत पर बैठकर सफर करते नजर आए। ऐसे में कोई बड़ा हादसा हो सकता था। मगर उनकाे टोकने वाला कोई नहीं था।
बता दें, कि गुरुग्राम में हुए कार्यक्रम को लेकर रोडवेज की ओर से रविवार सुबह से ही बसें गुरुग्राम भेजनी शुरू कर दी। इनमें हिसार की 70 और हांसी की 30 बसें शामिल हैं। इस कारण यात्रियों को दो दिन तक बसों की सुविधा नहीं मिल पाई। बसें न होने के कारण महिलाओं को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। ऐसे में आसपास के गांवों में जाने वाले यात्रियों ने निजी वाहनों का सहारा लिया। ऑटो में भी काफी सवारियां जा रही थीं। रोडवेज से एसएस सुरेंद्र सिंह ने बताया कि मंगलवार से सभी बसें सुचारू रूप से चलना शुरू हो जाएगी।