हिसार। मानसून सीजन में जुलाई में बादलों ने खूब तरसाया, लेकिन अगस्त में जी भरकर बरसे। जुलाई में सामान्य से 42 प्रतिशत कम बारिश हुई। औसतन 150.5 मिमी बारिश के मुकाबले 88 मिमी पानी बरसा जबकि अगस्त में प्रदेश में औसतन 147.7 मिमी बारिश के मुकाबले 186.6 मिमी बारिश हुई। यह आंकड़ा सामान्य से करीब 26 प्रतिशत ज्यादा है। बावजूद इसके पूरे सीजन में अब तक 14 प्रतिशत बारिश कम है। 31 अगस्त तक 353.5 मिमी बारिश के मुकाबले 303.9 मिमी बारिश हुई। मानसून के विदा होने में अब केवल 15 दिन बचे हैं। उधर, शनिवार को शहर में दिनभर बादल आते-जाते रहे। हवा में नमी के कारण पंखों की हवा भी राहत देती रही। अगले 15 दिन में अच्छी बारिश की संभावना है।
मौसम विभाग के आंकड़ों पर गौर करें तो पिछले 24 साल में दूसरी बार अगस्त में सामान्य से 26 प्रतिशत अधिक बारिश हुई। इससे पहले 2004 में सामान्य से 49 प्रतिशत अधिक बारिश हुई थी। वर्ष 2014 में अगस्त में 80 और 2009 में 79 प्रतिशत कम बारिश हुई थी। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के मौसम विभाग के वैज्ञानिकों के अनुसार 15 सितंबर के बाद मानसून लौट जाएगा। अब आखिरी 15 दिन बचे हैं। इस अवधि में अच्छी बारिश की संभावना बन रही है। जुलाई में कम बारिश की पूर्ति अगले 15 दिन में होने की संभावना है। पूरे प्रदेश में जून में 47 प्रतिशत कम बारिश थी। इस अवधि में 55.3 मिमी सामान्य बारिश होनी चाहिए थी, लेकिन 29.3 मिमी पानी ही बरसा।
इन जिलों में सबसे ज्यादा बारिश
जिला सामान्य बारिश बारिश हुई अधिक
नूंह 387.2 608.9 57 प्रतिशत
महेंद्रगढ़ 338.9 498.5 47 प्रतिशत
गुरुग्राम 407.6 495.5 22 प्रतिशत
यहां कम हुई बारिश
करनाल 424.8 195.5 54 प्रतिशत
यमुनानगर 756.4 405.9 46 प्रतिशत
पंचकूला 709.5 407 43 प्रतिशत
5 सितंबर तक मानसून सक्रिय रहेगा। 2 से 4 सितंबर तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में तेज बारिश के साथ हवा चलने की संभावना है। सितंबर की बारिश अगली फसलों के लिए काफी फायदेमंद साबित होती हैं। -डॉ. एमएल खिचड़, अध्यक्ष , मौसम विभाग, एचएयू हिसार।