हिसार। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश गगनदीप मित्तल की अदालत ने युवक भारत की हत्या के मामले में मुनीष नरूला व उसके दो पुत्रों सुनील नरूला, गणेशा उर्फ नवीन के अलावा गौरव को दोषी करार दिया है। अदालत ने खैराती और विक्की को बरी कर दिया। मामले के सभी छह आरोपी जमानत पर थे। अदालत इस मामले में दोषियों को 14 अगस्त को सजा सुनाएगी।
इस बारे में शहर हांसी थाना पुलिस ने 15 अप्रैल, 2016 को हांसी के मुल्तान नगर कॉलोनी निवासी गुलशन की शिकायत पर हत्या का मामला दर्ज किया था। उसने बताया कि 14 अप्रैल, 2016 की रात को वह अपने भाई भारत के साथ गली में बैठा था। रात करीब 10 बजे किसी ने उसके भाई को आवाज लगाई तो वह उठकर साथ में बने सरकारी स्कूल की तरफ चला गया। उसके पीछे वह भी गया तो देखा कि मोनू नरूला, शेरू नरूला, उसके पिता मुनीष ने उसके भाई को पकड़ा हुआ था और उनके साथ पांच-छह अन्य व्यक्ति भी थे, जिनमें मोनू का साढ़ू व शेरू का साला भी था। जब भारत स्वयं को छुड़वाकर भागने लगा तो मोनू के साढ़ू व शेरू के साले व अन्य व्यक्तियों ने उसके भाई को पकड़ लिया और मारपीट की। इसके बाद मोनू व शेरू ने पिस्तौल से उसके भाई भारत को गोलियां मारकर हत्या कर दी।