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Weather Haryana: पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश के कई जिलों में बारिश, ओले भी गिरे, जानिए आज कैसा रहेगा मौसम

Thu, 18 May 2023 01:53 AM IST
भूपेंद्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, हिसार (हरियाणा)

सार

मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि वर्तमान में ऊपरी वायुमंडल में चलने वाली जेट धाराओं का रुख दक्षिणी होने की वजह से कमजोर पश्चिमी विक्षोभ भी अधिक प्रभावी साबित हो रहे हैं। 
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रोहतक सेक्टर एक में बारिश व आंधी से गिरा पेड़, दूसरी ओर IMT क्षेत्र में गिरे खंभें। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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पश्चिमी विक्षोभ के असर से बुधवार को हरियाणा के कई जिलों में अंधड़ व हल्की बारिश हुई। साथ ही कहीं-कहीं ओले भी गिरे। इस कारण से दिन व रात के तापमान में गिरावट भी दर्ज की गई। मौसम विशेषज्ञ की मानें तो वीरवार को भी प्रदेश में बारिश की संभावना बनी रहेगी।

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मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि वर्तमान में ऊपरी वायुमंडल में चलने वाली जेट धाराओं का रुख दक्षिणी होने की वजह से कमजोर पश्चिमी विक्षोभ भी अधिक प्रभावी साबित हो रहे हैं। मई माह का प्रथम पखवाड़ा निकल चुका है। इस दौरान भीषण गर्मी के साथ प्रचंड लू अपने तीखे तेवर दिखाती है।

मगर, इस बार मौसम का उल्टा असर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। वर्तमान समय में एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से बुधवार को प्रदेश के हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, रोहतक, झज्जर, रेवाड़ी, ग्रुरुग्राम, नूंह, पलवल सोनीपत जिले में तेज गति से अंधड़ व हल्की से मध्यम बारिश हुई। इसके अलावा चरखी दादरी, रोहतक, सोनीपत व रेवाड़ी जिले में कहीं-कहीं ओलावृष्टि भी हुई। बुधवार को प्रदेश में अधिकतम तापमान 36.0 से 43.0 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया है।
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आगे ऐसा रहेगा मौसम
एक और ताजा पश्चिमी विक्षोभ 23 मई को उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर सक्रिय होने से हरियाणा, एनसीआर व दिल्ली में एक बार फिर से 23 से 26 मई के दौरान तेज़ गति से हवाएं चलने, हल्की से मध्यम बारिश और एक दो स्थानों पर गरज चमक के साथ ओलावृष्टि की गतिविधियों की संभावना बन रही है। इस साल नौतपा भी संपूर्ण इलाके में नहीं तपेगा।

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अरब सागर में एक प्रति चक्रवात का क्षेत्र और हिंद महासागर में भीषण तूफान फैबीन बना है। इन दोनों के प्रभाव से मानसून की हवाएं भारत की तरफ आने में देरी कर सकती हैं।

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