हिसार। शहर के सातरोड के पास साउथ बाईपास स्थित हिसार-रेवाड़ी रेलवे फाटक पर निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) की डेडलाइन 3 माह बढ़ा दी। अब यह आरओबी मई 2024 में बनकर तैयार होगा। निर्माण कार्य में कई बाधाएं आने के कारण एजेंसी को यह अतिरिक्त समय दिया जाएगा।
बता दें कि इस आरओबी का शिलान्यास उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने दिसंबर 2021 में किया था। फरवरी 2022 में इसका निर्माण कार्य शुरू हुआ था। एजेंसी को 2 साल में इसे बनाकर देना है। इस हिसाब से फरवरी 2024 तक इसका निर्माण पूरा किया जाना है। चूंकि अब 3 माह और बढ़ा दिए हैं तो नई डेडलाइन मई 2024 हो गई है।
रेलवे के हिस्से की ड्राइंग को नहीं मिली मंजूरी
आरओबी के लिए कुल 18 पिलर का निर्माण किया जाना है, जिनमें से 15 पिलर का निर्माण किया जा चुका है। इनमें से 8 पिलर तोशाम रोड की तरफ और 7 पिलर सातरोड की तरफ बने हैं। बाकी बचे 3 पिलर में से 2 पिलर रेलवे के हिस्से में आएंगे। चूंकि अभी रेलवे के हिस्से की ड्राइंग मंजूर नहीं हुई है। इस कारण इन 2 पिलर का निर्माण ड्राइंग मंजूर होने के बाद ही किया जाएगा। इसके अलावा 44 गार्डर भी रखे जा चुके हैं और 4 स्लैब बनाई जा चुकी हैं। तोशाम रोड की तरफ 120 मीटर व सातरोड में 150 मीटर की रिटेनिंग वॉल भी बना दी गई है। साउथ बाईपास पर 65 मीटर की रिटेनिंग वॉल का काम शुरू कर दिया गया है।
आरओबी की ड्राइंग में बदलाव की फाइल बीकानेर पहुंच गई है। उम्मीद है कि जल्द ही इसे मंजूरी मिल जाएगी। दरअसल आरओबी के बीच से 132 केवी की लाइन से गुजर रही है। चूंकि लाइन को शिफ्ट करने का खर्च काफी ज्यादा है। ऐसे में अधिकारियों ने ड्राइंग में ही थोड़ा बदलाव करने का फैसला लिया था। इस ड्राइंग के कारण ही बचे हुए पिलर का निर्माण अटका पड़ा है।
658 मीटर लंबे आरओबी पर आएगी 31.10 करोड़ की लागत
आरओबी के निर्माण पर 31.10 करोड़ रुपये लागत आएगी। इसकी कुल लंबाई 658 मीटर होगी। सड़क की चौड़ाई 11 मीटर होगी। इसके दोनों तरफ तीन-तीन मीटर की सर्विस रोड भी बनाई जाएगी। यह आरओबी दिल्ली रोड को पार करके सातरोड में जाकर खत्म होगा। सातरोड, हिसार की तरफ व दिल्ली की तरफ इसकी लंबाई 148-148 मीटर होगी। इसके बनने से साउथ बाईपास से प्रतिदिन गुजरने वाले 10 हजार वाहन चालकों को फायदा होगा।
साउथ बाईपास को किया जाना है रेलवे फाटक मुक्त
साउथ बाईपास को रेलवे फाटक मुक्त किया जाना है। इसके तहत यह ओवरब्रिज बनाया जा रहा है। इससे पहले बाईपास पर सेक्टर 16-17 के पास ओवरब्रिज का निर्माण किया जा चुका है। अब सिर्फ घोड़ा फार्म के पास रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज का निर्माण करना बाकी है।
तीन माह और बढ़ा दिए हैं। पहले एसटीपी की लाइन फिर हाईटेंशन लाइन के कारण निर्माण कार्य प्रभावित हुआ है। इस कारण से एजेंसी को यह अतिरिक्त समय दिया गया है। - मेवा सिंह, एसडीओ, बीएंडआर