नारनौंद (हिसार)। उपमंडल कार्यालय के सामने नारनौंद मार्केट कमेटी के चेयरमैन व उसके बेटे ने एक महिला के साथ बीच सड़क पर मारपीट कर उसे घायल कर दिया। महिला को छुड़वाने आए पूर्व जिला पार्षद व सरपंच प्रतिनिधि के साथ भी उनकी गाड़ी रोककर मारपीट की गई। उनको भी गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। पुलिस ने भी पीड़ितों के साथ अच्छा व्यवहार नहीं किया। पुलिस उनकी शिकायत लेने के बजाय मामले को टालती नजर आई। पीड़ित लोगों को इलाज के लिए हांसी के सामान्य अस्पताल में ले जाया गया, जहां पर उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें हिसार रेफर कर दिया गया। यहां पर उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने अभी तक मामले में कोई कार्रवाई नहीं की है। नारनौंद पुलिस ने चेयरमैन महाबीर शर्मा व उसके बेटे के खिलाफ आईपीसी की धारा 323, 354 व 34 के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
हांसी हाउसिंग बोर्ड निवासी पायल ने बताया कि उसका दिव्यांग पति अनिल कुमार विजिलेंस विभाग में नौकरी से किसी कारण से हटा दिया गया था। उसको फिर से नौकरी पर लगवाने की एवज में चेयरमैन महाबीर ने उससे पांच लाख रुपये की मांग की थी। महिला का आरोप है कि उन्होंने अप्रैल 2017 में महाबीर को पैसे दे दिए। काफी समय तक वह काम का बहाना बनाता रहा। काम नहीं हुआ तो उन्होंने वापस पैसे मांगे। मगर उसने पैसे देने से मना कर दिया। आरोप है कि जब उन्होंने फिर से पैसे वापस मांगे तो चेयरमैन ने महिला के पति अनिल कुमार से आपत्तिजनक बातें कही। यह सुनने के बाद अनिल घर पर गुमसुम रहने लगा। जब पत्नी ने अनिल पर जोर देकर पूछा तो उसने बताया कि महाबीर चेयरमैन ने उसे आपत्तिजनक बातें कही हैं। वीरवार को वह अपने बेटे के साथ नारनौंद पहुंची। चेयरमैन महाबीर उसे नारनौंद उपमंडल कार्यालय के पास मिला तो उसने उससे पैसे मांगे। इस पर महाबीर व उसके बेटे ने महिला पायल के साथ मारपीट शुरू कर दी। तभी उपमंडल कार्यालय में किसी काम से आए गांव खांडाखेड़ी के सरपंच प्रतिनिधि बिजेंद्र उर्फ नन्हा व पूर्व जिला पार्षद संदीप उर्फ दीप खांडा ने इन लोगों से महिला को छुड़वाया। वहीं पूरे मामले को फोन में वीडियो बना रहे महिला के बेटे के हाथ से मोबाइल फोन छीनकर उसे रोड पर फेंककर तोड़ दिया। महिला ने जानकारी अपने परिजनों को दी तो उसके पति व परिजन नारनौंद पहुंचे। उन्होंने नारनौंद पुलिस थाने में पहुंचकर अपनी शिकायत देनी चाही तो पुलिस ने उनके साथ अच्छा व्यवहार नहीं किया। पीड़ित परिवार व पुलिस की काफी देर तक नोकझोंक भी हुई। पीड़ित परिजन बिना शिकायत दिए ही घायल महिला का इलाज करवाने के लिए हांसी के सामान्य अस्पताल में चले गए। यहां से महिला की गंभीर हालत को देखते हुए उसे हिसार के सामान्य अस्पताल में रेफर कर दिया गया।
लाठी-डंडों से पीटा पूर्व पार्षद और सरपंच प्रतिनिधि को
वहीं दूसरी तरफ जिस पूर्व पार्षद व सरपंच प्रतिनिधि ने महिला को छुड़वाया था, उनके साथ भी चेयरमैन व उसके साथ आए अन्य लोगों ने लाठी-डंडों से मारपीट की। पूर्व जिला पार्षद संदीप खांडा को गंभीर चोटें आई हैं और सरपंच प्रतिनिधि को भी मामूली चोटें आई।
वर्जन
केंद्र व प्रदेश सरकार बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना का ढिंढोरा पीट रही है। मगर एक महिला को डीएसपी कार्यालय के सामने सरेआम रोड पर पीटा जाता है और कपड़े फाड़ दिए जाते हैं। हमने अपने पैसे मांगे हैं, जो दो साल पहले चेयरमैन महाबीर ने हमसे लिए थे। पैसों के बदले हमें लात-घूसे मिले हैं। अब हम मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री तक इस मामले को लेकर जाएंगे। जब तक हमें न्याय नहीं मिलेगा, तब तक हम चुप बैठने वाले नहीं हैं।
- पायल, निवासी, हाउसिंग बोर्ड हांसी।
वर्जन
मैं और सरपंच प्रतिनिधि बिजेंद्र शर्मा किसी काम से नारनौंद तहसील में आए हुए थे। जब हमने तहसील के सामने रोड पर झगड़ा देखा तो हमने वहां जाकर देखा कि एक महिला को चेयरमैन महाबीर व उसका बेटा पीट रहे हैं तो महिला को हमने उनसे छुड़वा दिया। करीब दो घंटे बाद चेयरमैन व उसके साथी आए और मेरे व बिजेंद्र शर्मा के साथ मारपीट की। इसमें मुझे गंभीर चोटें आई हैं।
- संदीप खांडा, पूर्व जिला पार्षद।
वर्जन
हांसी की महिला के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। महिला घायल होने के कारण उसका हिसार के सामान्य अस्पताल में इलाज चल रहा है। महिला की तरफ से बयान देने के बाद चेयरमैन महाबीर शर्मा के खिलाफ आईपीसी की धारा 323, 354 व 34 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस के व्यवहार में कहीं कोई कमी नहीं रही है।
-राजसविंद्र, प्रभारी, नारनौंद थाना
वर्जन
मैं इस महिला को नहीं जानता है। यह कौन है, इसकी जानकारी मुझे नहीं है। महिला व अन्य लोगों द्वारा लगाए गए आरोप पूरी तरह झूठे हैं, इनमें कोई सच्चाई नहीं है।
-महाबीर, चेयरमैन मार्केट कमेटी नारनौंद