अमर उजाला ब्यूरो
मंडी आदमपुर (हिसार)। गांव सीसवाल में मंगलवार देर रात हुुए मर्डर केस में वालीबॉल खिलाड़ी कुलदीप को नौ एमएम पिस्टल से चार गोलियां मारी गई थीं। कुलदीप को बेहद करीब से गोली मारी गई थी। एक गोली सिर में आरपार हो गई। दो गोलियां छाती में फंसी हुई मिली हैं। एक गोली टांग पर मारी थी। पुलिस के अनुसार वारदात को प्रोफेशनल किलर ने अंजाम दिया है। ब्लाइंड मर्डर में पुलिस ने डीएसपी मोहम्मद जमाल के नेतृत्व में चार टीमों का गठन किया है।
बुधवार को हिसार के नागरिक अस्पताल में कुलदीप के शव का पोस्टमार्टम किया गया। छाती में दो गोलियां फंसी हुई थीं। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस को दिए बयान में सीसवाल निवासी महाबीर ने बताया कि उनका बेटा कुलदीप राजमिस्त्री का काम करता था। कुलदीप शाम को गांव के हनुमान मंदिर के पास वालीबॉल खेलने जाता था। मंगलवार शाम को 7-8 बजे के करीब वह घर से बाइक लेकर वालीबॉल खेलने के लिए गया था। पिता ने बताया कि करीब साढ़े नौ बजे वह अपने घर के बाहर खड़ा था। उसी दौरान तीन युवक उसके घर के सामने से गुजरे। वह उसके मकान से कुछ ही दूरी पर पहुंचे थे कि सामने से आ रहे एक मोटरसाइकिल सवार को रुकवाया। उस पर गोलियां बरसानी शुरू कर दीं। मौके से तीन गोलियां चलने की आवाज आई। इसके बाद मोटरसाइकिल सवार नीचे गिर गया तो उन्होंने गिरने के बाद भी युवक को दो गोलियां मारी और भाग गए। बाद में जब वह मौके पर पहुंचा तो देखा कि वह उसका लड़का कुलदीप था। अस्पताल पहुंचने से पहले ही कुुलदीप ने दम तोड़ दिया। महाबीर के बयान पर तीन अज्ञात युवकों के खिलाफ धारा 302, 34 और ऑर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। महाबीर ने बताया कि कुलदीप की करीब तीन साल पहले शादी हुई थी। कुलदीप का अभी कोई बच्चा नहीं था। उसकी पत्नी सात महीने की गर्भवती है।
हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए डीएसपी मोहम्मद जमाल के नेतृत्व में चार टीमों का गठन किया गया हैं। टीम में आदमपुर पुलिस के अलावा सीआईए टीम, स्पेशल स्टाफ की टीम व खुद डीएसपी जमाल खान की टीम शामिल हैं। थाना प्रभारी सुनील कुमार ने बताया कि पुलिस हत्या के हर तरह के एंगल को देख रही है। सभी टीमें अपने अपने प्रयास कर रही हैं ।