हिसार में चीफ इंजीनियर रामजीलाल के पार्थिव शरीर को श्रद्धांजलि देते मेयर गौतम सरदाना, निगमायु
हिसार। चीफ इंजीनियर रामजीलाल रविवार को पंचतत्व में विलीन हो गए। शहर के ऋषिनगर स्थित श्मशान घाट में दोपहर दो बजे उनके शव का अंतिम संस्कार किया गया। सैकड़ों लोगों ने श्मशान घाट में पहुंचकर स्व. रामजीलाल को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। अंतिम संस्कार के दौरान शहरी स्थानीय निकायमंत्री डॉ. कमल गुप्ता, पूर्व मंत्री कृष्ण बेदी, मेयर गौतम सरदाना, निगमायुक्त प्रदीप दहिया सहित हिसार के नगर पार्षद, निगम कर्मचारी व शहर की विभिन्न सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बता दें कि चीफ इंजीनियर रामजीलाल के पास हिसार के अलावा यूएलबी मुख्यालय का भी अतिरिक्त चार्ज था। वीरवार को वे मुख्यालय में ड्यूटी पर थे। वहां अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। इस पर उन्हें चंडीगढ़ निजी अस्पताल में दाखिल करवाया गया था। उनकी हालात में सुधार नहीं हुआ, जिस कारण शनिवार रात करीब 8 बजे उनकी मृत्यु हो गई।
चीफ इंजीनियर रामजीलाल ने पंचायत विभाग भिवानी में एसडीओ के तौर पर हुई थी। पंचायत विभाग से उन्होंने निकाय विभाग में वर्ष 2014 में बतौर एक्सईएन ज्वाइन किया। नगर निगम हिसार में एक्सईएन से एसई के पद कार्यरत होने वाले पहले एसई बने और बाद में पहले चीफ इंजीनियर बने। सक्षम युवाओं के माध्यम से लोगों में बदलाव लाने का कार्य किया और संस्थाओं को एकजुट किया। कोरोना काल में प्रवासी लोग और शहरवासियों के लिए मूलभूत सुविधाओं का प्रबंध करने में दिन रात कार्यरत रहे।