हांसी। जिला खजाना अधिकारी को ब्लैकमेल करने की नीयत से झूठे व जाली दस्तावेज तैयार करने पर उप खजाना कार्यालय के पूर्व कर्मचारी और उसके भाई जींद निवासी अधिवक्ता पर पुलिस ने मामला दर्ज किया है। दोनों आरोपियों ने जिला खजाना अधिकारी के खिलाफ एक झूठी शिकायत भी पुलिस को दी थी। साथ ही उन्हें मैसेज कर दस लाख रुपये भी मांगे थे।
पुलिस को दी शिकायत में हिसार के जिला खजाना अधिकारी सतीश कुमार सिवाच ने बताया कि हांसी के लघु सचिवालय में स्थित उप खजाना कार्यालय उनके कार्यक्षेत्र में आता है। सुरेंद्र कुमार उप खजाना कार्यालय में 9 वर्ष तक अनुबंध के तौर पर कार्यरत रहा। दिसंबर 2023 में उसे पदमुक्त कर दिया था, जिस कारण से वह उनसे व विभाग के अन्य कर्मचारियों से रंजिश रख रहा है।
उन्होंने बताया कि सुरेंद्र ने अपने कार्यकाल के दौरान पद का दुरुपयोग करते हुए दस्तावेज चोरी किए व कार्यालय की गोपनीयता भंग की। उसने अपने भाई अधिवक्ता विरेंद्र जांगड़ा के साथ मिलकर षड्यंत्र रचा। उन्हें ब्लैकमेल करने की नीयत से जाली दस्तावेज भी तैयार किए। इसके अलावा दोनों ने उनके व सेवानिवृत्त सहायक अधीक्षक सुरेंद्र सिंह के खिलाफ झूठी शिकायत भी पुलिस को दी थी। कार्यालय के सहायक कोषाधिकारी से उनको पता चला कि जींद निवासी अधिवक्ता वीरेंद्र जांगड़ा व उसके भाई सुरेंद्र कुमार ने उप खजाना कार्यालय से अनधिकृत रूप से रिकॉर्ड चुराया है।