माई सिटी रिपोर्टर
हिसार। बिपरजॉय, बंगाल की खाड़ी पर बनने वाले कम दबाव के क्षेत्र और पश्चिमी विक्षोभों के असर से 30 जून तक बारिश की गतिविधियां जारी रहेंगी। इस कारण से जून माह के बचे हुए दिनों में भी गर्मी पड़ने की संभावना कम है।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि अब चक्रवातीय तूफान बिपरजॉय कमजोर पड़ चुका है और यह एक अत्याधिक कम दबाव वाले क्षेत्र में बदल जाएगा। फिर यह राजस्थान के पूर्वी हिस्से पर पहुंचेगा और कम दबाव के क्षेत्र में तब्दील होकर मध्य प्रदेश की तरफ बढ़ेगा। इस असर से हरियाणा, एनसीआर व दिल्ली के दक्षिणी और पश्चिमी हिस्सों पर पड़ने की संभावना है। इस दौरान पिछला पश्चिमी विक्षोभ आगे निकल जाएगा और एक नया पश्चिमी विक्षोभ 18 जून को सक्रिय हो जाएगा। फिर पश्चिमी विक्षोभ और बिपरजॉय के मिलने से 17 से 20 जून के दौरान तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है। इसे लेकर भारतीय मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी कर दिया है। इसी दौरान बंगाल की खाड़ी पर भी एक कम दबाव का क्षेत्र बनेगा। यह कमजोर पड़ चुके बिपरजाॅय और उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर सक्रिय होने वाले पश्चिमी विक्षोभ के साथ मिलकर बारिश की गतिविधियों को जारी रखेगा।
कई जिलों में हुई बूंदाबांदी से लेकर बारिश की गतिविधियां
वर्तमान में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से पंजाब पर एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है, जिसकी वजह से पिछले दो दिनों से आंशिक बादलवाही के अलावा तेज गति से हवाओं के साथ बारिश की गतिविधियों को दर्ज किया जा रहा है। शुक्रवार को भी प्रदेश के फतेहाबाद, हिसार, कैथल, पानीपत, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, नूंह, एनसीआर व दिल्ली में कुछ जगहों पर बारिश हुई। इस दौरान अधिकतम तापमान 34.0 से 39.0 और न्यूनतम तापमान 23.4 से 28.2 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया।