खांडा खेड़ी का अंकित अपनी मां व पिता के साथ।
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बास। गांव खांडा खेड़ी निवासी अंकित बीते दिन यूक्रेन से अपने घर पहुंचा। घर पहुंचने पर परिजनों ने राहत की सांस ली। परिवार वालों का कहना है कि उनका बेटा सुरक्षित हमारे घर पर पहुंच गया है इसके लिए सरकार का हम शुक्रगुजार करते हैं। अंकित ने बताया कि यूक्रेन में एक समय तो ऐसा लग रहा था कि शायद ही जिंदा बच पाए। चार दिन तक मेट्रो स्टेशन के नीचे बने बंकर में रहे, लेकिन वहां पर खाना खत्म हो गया और दो दिन तक भूखा ही रहना पड़ा। उसके बाद वहां से निकले और 8 किलोमीटर पैदल चलने के बाद पोलैंड पहुंचे। उसके बाद लगा कि अब हम सुरक्षित अपने वतन को लौट जाएंगे और इसमें हमारी सरकार ने काफी मदद की है।