अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
अतिरिक्त उपायुक्त एएस मान ने कहा कि सभी अधिकारी अपने विभागों के कार्यालयों में एलईडी बल्ब लगवाना सुनिश्चित करें। ऐसा न करने वाले विभागों के खिलाफ कल से जांच अभियान चलाया जाएगा। जिन कार्यालयों में सीएफएल या पुराने समय के प्रचलित 100 वाट वाले बल्ब लगे मिलेंगे उनके चालान किए जाएंगे। जिला सभागार में अधिकारियों की एक बैठक को संबोधित करते हुए अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा जिले के सभी सरकारी कार्यालयों में अधिक बिजली खपत वाले पुराने समय के 100 वाट अथवा सीएफएल बल्बों को बदलकर इनके स्थान पर कम बिजली लेने वाले एलईडी बल्ब लगाए जाने अनिवार्य किए गए हैं। वीरवार से एक टीम द्वारा विभिन्न कार्यालयों में जांच अभियान चलाया जाएगा जो यह सुनिश्चित करेगी कि सरकारी कार्यालयों में केवल एलईडी बल्बों का ही इस्तेमाल किया जा रहा है। अक्षय ऊर्जा विभाग के परियोजना अधिकारी राजेश हुडा ने अधिकारियों को बताया कि विभाग द्वारा नेट मीटरिंग प्रणाली के तहत नागरिकों, संस्थाओं, अस्पतालों, उद्योगों व संस्थानों को अपने यहां छत पर सोलर सिस्टम आधारित प्लांट लगवाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। शहर में 500 वर्ग गज से अधिक के मकानों, शैक्षणिक व अन्य संस्थानों और 30 किलोवाट तक की खपत वाले सरकारी भवनों में यह प्लांट लगवाना अनिवार्य किया गया है। प्लांट लगवाने के लिए विभाग द्वारा प्रति किलोवाट 20 हजार रुपये तक की सब्सिडी भी दी जा रही है। बिजली बिल में सब्सिडी दी जाती है। बैठक में नगर निगम आयुक्त अशोक बंसल, संयुक्त आयुक्त जयवीर यादव, जिला परिषद के सीईओ विकास यादव, सीएमओ जितेंद्र सिंह, मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी हर्षाली दलाल, डॉ. साहिब राम गोदारा, परियोजना अधिकारी डॉ. राजकुमार नरवाल, डीडीपीओ अशवीर नैन, डीआरओ राजेंद्र सिंह आदि मौजूद रहे।
एलईडी बल्ब न लगाने वाले विभागों के होंगे चालान
-डीसी ने अधिकारियों को सभी विभागों में एलईडी बल्ब लगवाने के दिए निर्देश
-नेट मीटरिंग योजना को अपनाने का किया आह्वान