टोहाना। राजकीय महाविद्यालय में नशा मुक्त भारत अभियान के तहत एक विशेष जागरूकता व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को नशे की लत के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक दुष्प्रभावों से अवगत कराना रहा। इस दौरान ब्रह्माकुमारी संस्था से आए मुख्य वक्ता, बहन वंदना और बहन अमित ने अपनी सहज और प्रभावशाली शैली में छात्रों को संबोधित किया। उन्होंने बताया कि नशे की लत से मुक्ति के लिए आंतरिक शक्ति और सकारात्मक सोच का होना बेहद जरूरी है। दोनों बहनों ने राजयोग और ध्यान के माध्यम से मन को नियंत्रित करने और नशे से होने वाले मानसिक तनाव को दूर करने के तरीकों पर विस्तार से प्रकाश डाला। बहन वंदना ने कहा आज का युवा ही देश का भविष्य है और इस भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए नशे से दूर रहना अनिवार्य है। उन्होंने छात्रों से नशे को ना कहने और एक स्वस्थ व खुशहाल जीवन जीने का संकल्प लेने का आह्वान किया। महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. वीरेन्द्र पाल ने कहा कि ऐसे आध्यात्मिक और सामाजिक संगठनों का सहयोग युवाओं को सही दिशा दिखाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने छात्रों से इस अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने का आग्रह किया।