फतेहाबाद। इनेलो की सम्मान दिवस रैली फतेहाबाद में खोई जमीन तलाशने के लिए कार्यकर्ताओं को बूस्टर डोज दे गई। लंबे समय से जिले में बड़े स्तर का कार्यक्रम भी नहीं हुआ था। ऐसे में नए राजनीतिक माहौल में कार्यकर्ताओं को प्रदेश में सरकार बनाने की आस बंधाई गई है।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि साल 1999 जैसा संयोग बना तो सरकार बनने की उम्मीद रहेगी। गौरतलब है कि 1999 में इनेलो ने भाजपा के साथ मिलकर फतेहाबाद के एमएम कॉलेज मैदान में रैली का आयोजन किया था, जिसमें तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी आए थे। इसके बाद प्रदेश में हुए विधानसभा चुनाव में इनेलो की सरकार बनी थी और ओमप्रकाश चौटाला मुख्यमंत्री बने थे। संवाद
जिले में तीन विधानसभा सीट, 2014 में दो पर जीती थी इनेलो
फतेहाबाद जिले में तीन विधानसभा सीट हैं, जिनमें फतेहाबाद, टोहाना व रतिया शामिल हैं। इन तीनों में से साल 2014 के विधानसभा चुनाव में रतिया व फतेहाबाद सीट से इनेलो ने जीत हासिल की थी। फतेहाबाद से इनेलो के बलवान दौलतपुरिया और रतिया से रविंद्र बलियाला विधायक चुने गए थे। बाद में बलवान भाजपा में चले गए, फिलहाल कांग्रेस में हैं जबकि रविंद्र बलियाला फिलहाल भाजपा के प्रदेश सचिव हैं। इससे पहले 2009 के चुनाव में भी रतिया से इनेलो प्रत्याशी जीता था। साल 2000 में फतेहाबाद सीट से इनेलो उम्मीदवार लीलाकृष्ण विधायक बने थे। उनके निधन के बाद हुए उपचुनाव में उनकी पुत्रवधू स्वतंत्र बाला चौधरी इनेलो से विधायक बनी थी।
पिछले विस चुनाव में रहा था बेहद निराशाजनक प्रदर्शन
साल 2019 के विधानसभा चुनाव में इनेलो का बेहद निराशाजनक प्रदर्शन रहा था। जिले की तीनों सीटों पर इनेलो की हार हुई थी। फतेहाबाद विस सीट से इनेलो प्रत्याशी रही सुमनलता सिवाच मात्र 2111 वोट लेकर छठे स्थान पर रही थी। वहीं, टोहाना में इनेलो प्रत्याशी राजपाल सैनी 1213 वोट लेकर सातवें नंबर पर रहे थे। रतिया से इनेलो की बजाय गठबंधन सहयोगी अकाली दल के कुलविंद्र सिंह ने चुनाव लड़ा, जो 9965 वोट लेकर चौथे नंबर पर रहे थे।
कोट
1999 में इनेलो ने रैली करवाई थी। तब तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी फतेहाबाद आए थे। इसके बाद हुए विस चुनाव में इनेलो ने 47 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी। इस रैली के बाद भी ऐसी ही उम्मीद साल 2024 के लिए रहेगी।
-बलविंद्र कैरों, जिलाध्यक्ष, इनेलो
सम्मान दिवस रैली ने फतेहाबाद ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश के कार्यकर्ताओं को बूस्टर डोज दी है। अब हर कार्यकर्ता साल 2024 में प्रदेश में इनेलो की सरकार बनाने के लिए जी तोड़ मेहनत करेगा।
-विकास मेहता, प्रदेश प्रवक्ता, इनेलो