फतेहाबाद। जिला लगातार तीसरे दिन बुधवार को भी धुंध की चादर से लिपटा रहा। धुंध की वजह से दिनभर केवल दो घंटे ही सूर्यदेव के दर्शन हुए। धुंध व ठंड बढ़ने के कारण पारा काफी नीचे गिर गया है और बुधवार सर्दी के सीजन का अब तक का सबसे ठंडा दिन रहा। वहीं फसलों के लिए यह धुंध काफी लाभदायी बताई जा रही है।
फतेहाबाद में तीन दिन पहले अचानक से आई धुंध का कहर बुधवार को भी जारी रहा। मंगलवार शाम होते ही शहर धुंध की चादर में लिपट गया, जो बुधवार को भी जारी रही। बुधवार को आसमान में बादलवाही होने व धुंध रहने के कारण मात्र दो घंटे ही सूर्यदेव के दर्शन हुए। बुधवार को अधिकतम तापमान गिरकर 16 डिग्री व न्यूनतम तापमान पांच डिग्री तक पहुंच गया। लोगों को दिन में भी ठिठुरन महसूस हुई। वहीं ग्रामीण इलाकों में लोग अलाव जलाकर सर्दी से राहत पाते दिखाई दिए। मौसम विभाग के अनुसार, अगले तीन दिनों तक इसी प्रकार मौसम खुश्क रहेगा और दिन का तापमान भी घटेगा। रात का तापमान और नीचे जाएगा।
फसलों के लिए लाभदायक है यह मौसम
लगातार पड़ रही ओस व धुंध फसलों के लिए काफी लाभदायक बताई जा रही है। धुंध पड़ने से किसान भी काफी खुश नजर आ रहे हैं। गांव मानावाली के किसान दिनेश ढाका, हरफूल सिंह, बनगांव के रामसिंह व धांगड़ के होशियार सिंह ने बताया कि यह धुंध गेहूं की फसल के लिए काफी लाभदायक है। पिछले दिनों दिन का तापमान अधिक था और उनको गेहूं की फसल की चिंता सता रही थी, यह धुंध गेहूं की फसल के लिए जीवनदायिनी का कार्य कर रही है।
कोट
इस समय जो तापमान चल रहा है, वह रबी की फसलों के लिए काफी लाभदायक है। खासतौर पर समय पर धुंध पड़ने लगी है, जो गेहूं की फसल के लिए काफी लाभकारी है। धुंध बनी रहने से गेहूं की फसल का झाड़ बढ़ेगा और उत्पादन भी अच्छा होगा।
डॉ. राजेश सिहाग, कृषि उपनिदेशक, फतेहाबाद।
फतेहाबाद के भट्टू रोड पर छाई धुंध।- फोटो : Fatehabad