फतेहाबाद। जिला एवं सत्र न्यायाधीश डीआर चालिया ने स्मैक रखने के मामले में दोषी को सात साल की कैद व एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना नहीं भरने की एवज में दोषी को एक साल अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अदालत ने एक अन्य आरोपी को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया।
भूना थाने की पुलिस ने 12 जुलाई 2016 को नाढ़ोड़ी से धोलू मार्ग पर गश्त के दौरान धर्मजीत, निवासी नाढ़ोडी और बलविंद्र निवासी एमपी सोत्तर को 50 ग्राम स्मैक सहित पकड़ा था। उनके खिलाफ मादक पदार्थ अधिनियम के तहत केस दर्ज किया था। पुलिस की टीम गांव नाढोड़ी से भूथनकलां व धौलू मार्ग पर गश्त कर रही थी। इसी दौरान वहां पर बाइक सवार युवक आए। पुलिस ने रोककर उनकी तलाशी ली तो धर्मजीत से 50 ग्राम स्मैक बरामद हुई। सोमवार को मामले की सुनवाई करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश डीआर चालिया ने बलविंद्र को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया। अदालत ने धर्मजीत को दोषी मानते हुए उसे सात की कैद व एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना न भरने पर दोषी को एक साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।