फतेहाबाद। शहर में टेढ़े और जर्जर बिजली के खंभे हादसों काे न्योता दे रहे हैं। शहर में करीब 250 ऐसे खंभे हैं, जो टेढ़े हो गए हैं और जर्जर हो चुके हैं। यह खंभे कभी भी हादसों का कारण बन सकते हैं। कई खंभे तो ऐसे हैं, जो नई बिछाई गई बिजली की रबड़ की लाइनों के कारण झुक गए हैं। आंधी व तूफान की स्थिति में यह खंभे कभी भी गिर सकते हैं। खास बात यह है कि बिजली निगम जानकर भी अंजान बना हुआ।
शहर के घनी आबादी तहसील चौक, लाजपत नगर, वार्ड नंबर-6 का एरिया, भीमा बस्ती, शिव चौक एरिया, शहर का मसीता मोहल्ला, चार मरला कॉलोनी, शक्ति नगर, इंद्रपुरा मोहल्ला, रतिया चुंगी रोड सहित शहर के कई हिस्से ऐसे हैं, जहां पुराने खंभे खड़े हैं, जो या तो काफी झुक गए हैं, या फिर गिरने के कगार पर हैं। इन खंभों से 33 केवी सब स्टेशन व हाई बोल्टेज बिजली के तार गुजर रहे हैं। तारों के बोझ से तो कई खंभे गिरने के कगार पर हो गए हैं और काफी झुक गए हैं। कई स्थानों पर तो घरों के ऊपर ही यह खंभे झुके हुए हैं और हादसों का कारण बन सकते हैं। शहर के कई इलाकों में तार बंधे होने के कारण ही यह खंभे अभी तक खड़े हैं। तेज हवा, फाल्ट में तार टूटने पर कभी भी ये खंभे गिर सकते हैं। यहां तक की एचपोल के खंभे भी टेढ़े हो गए हैं और ट्रांसफार्मर भी गिर सकते हैं।
कोट
शहर में लगभग बिजली के पुराने खंभाें को बदला जा चुका है और नए खंभे लगाए गए हैं। जहां बिजली के खंभे टेढ़े हो गए हैं, वहां पर जांच की जाएगी और जर्जर बिजली के खंभों को बदला जाएगा।
-संदीप मेहता, कार्यकारी अभियंता, फतेहाबाद।