गांव चिम्मों में चचेरे भाइयों के परिवार में मंगलवार को जमकर मारपीट हुई, इसमें दोनों पक्षों की महिलाओं सहित नौ लोग घायल हो गए। दोनों पक्षों के घायलों को उपचार के लिए रतिया के सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया गया। उपरोक्त विवाद के पश्चात सरकारी अस्पताल में दोनों पक्षों का हुजूम एकत्रित होने के कारण स्वास्थ्य विभाग को विवाद की आशंका के चलते पुलिस को मौके पर बुलाना पड़ा। घायलों के एक पक्ष में मक्खन सिंह के अलावा उसके बेटा जसविंद्र सिंह, देवेंद्र सिंह, पत्नी परमजीत कौर, दलजीत कौर, परमजीत आदि शामिल हैं, जबकि दूसरे पक्ष में जगतार सिंह, उसका बेटा मलकीत सिंह व गुरजीत सिंह शामिल हैं।
मक्खन सिंह ने अपने भाई जगतार सिंह के अलावा मलकीत सिंह, हरमिंद्र सिंह, अन्य रिश्तेदार गुरजीत सिंह, गुरप्रीत सिंह, जगसीर व अन्य पर हथियारों से लैस होकर घर में घुसकर कथित हमला करने का आरोप लगाया। उन्होंने बताया कि मंगलवार को गांव के गुरुद्वारा में कार्यक्रम था और इस कार्यक्रम के दौरान पंचायत विभाग ने गांव के विकास के लिए भेजी गई ग्रांट राशि को लेकर चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि इस चर्चा के तहत जहां सरपंच आदि उपरोक्त ग्रांट राशि को गांव की गली के निर्माण के पक्ष में थे, वहीं गुरुद्वारा में एकत्रित हुई संगत व वार्ड का पंच राशि के तहत गुरुद्वारा में टंकी बनाने के पक्ष में थे।
गली व टंकी के निर्माण को लेकर गुरुद्वारा में ही आपसी विवाद हो गया था और इस विवाद को अन्य लोगों ने हस्तक्षेप कर छुड़वा भी लिया था। मक्खन सिंह ने आरोप लगाया कि इसके पश्चात उक्त नामित लोग घर में आ गए और कथित तौर पर हमला कर न केवल उन्हें घायल कर दिया, बल्कि बीच-बचाव करने आई महिलाओं को भी चोटें पहुंचा दी। वहीं इसी मामले में दूसरे पक्ष के घायल ने पहले पक्ष पर घर में घुसकर कथित मारपीट करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि गुरु घर में बनाए जाने वाली टंकी को लेकर ही विवाद हुआ था और इस विवाद के चलते उक्त लोगों ने उनके पिता जगतार सिंह के साथ धक्का-मुक्की की थी।
इसी बात पर ही उक्त लोगों ने रंजिश रख घर में घुसकर हमला कर दिया। बताया जाता है कि जब उपरोक्त मामले को लेकर परिवारों में आपसी विवाद हुआ तो पूरे गांव में ही तनाव फैल गया और इस तनाव के चलते जहां पुलिस टीम घटना स्थल पर पहुंच गई। अस्पताल परिसर में दोनों पक्षों के बीच किसी प्रकार का विवाद न हो, इस स्थिति में पीसीआर पुलिस अधिकारी दुलारा राम के नेतृत्व में गठित टीम को अस्पताल में तैनात कर दिया। पुलिस दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर मामले की छानबीन कर रही है।