फतेहाबाद। उपायुक्त एवं जिला बाल कल्याण परिषद के अध्यक्ष जगदीश शर्मा ने कहा कि बच्चों को समय का सदुपयोग करना चाहिए। अपनी ऊर्जा का इस्तेमाल सकारात्मक कार्यों में करना चाहिए। आज के बच्चे ही देश का भविष्य हैं। बच्चों को बचपन से ही अच्छी बातें जीवन में धारण करनी चाहिए। उपायुक्त सोमवार को बाल भवन में बाल दिवस पर आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक आस्था मोदी विशिष्ट अतिथि रहीं।
डीसी ने कहा कि बचपन में किए जाने वाले छोटे-छोटे कार्य ही पूरी उम्र की एक आदत बन जाते हैं, ऐसे में बच्चों को चाहिए कि वे बचपन से ही जीवन में अच्छी आदतें धारण करें। सही आचार-विचार के साथ-साथ सही व्यवहार को भी अपनाना चाहिए। बच्चों को चाहिए कि वे बचपन से ही बड़ों का आदर करना सीखें। अपने गुरुजनों को हमेशा सम्मान दें। अपने आसपास परिवेश को स्वच्छ रखने के साथ-साथ स्वयं भी स्वच्छता को अपनाएं। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी बातें ही इंसान के व्यक्तित्व में निखार लाती हैं। उन्होंने बच्चों से आह्वान किया कि वे शैक्षणिक, सांस्कृतिक व खेल प्रतियोगिताओं में बढ़ चढ़कर भाग लें। इससे जीवन में आगे बढ़ने की भावना विकसित होती है।
35 स्कूलों के 600 विद्यार्थियों को किया पुरस्कृत
इस दौरान उपायुक्त और एसपी ने प्रदेश स्तर पर आयोजित बाल कल्याण परिषद की प्रतियोगिताओं में स्थान हासिल करने वाले जिले के करीब 35 स्कूलों के 600 बच्चों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। उन्होंने बाल भवन में बच्चों द्वारा बनाई गई पेंटिंग व अन्य कलाकृतियों की लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। कार्यक्रम में किरढ़ान के एमडीएस स्कूल की छात्रा रविना व इसी स्कूल के बच्चों ने हरियाणवी नृत्य की प्रस्तुति दी। लेखराज मेमोरियल स्कूल की छात्रा कंचन ने देश पर कुर्बान होने वाले बेटे की मार्मिक ढंग से गौरव गाथा प्रस्तुत की। जिला बाल कल्याण अधिकारी जगदीश कुमार ने बाल भवन की गतिविधियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। इस मौके पर बाल संरक्षण अधिकारी सुरजीत बाजिया, बाल कल्याण परिषद के आजीवन सदस्य हरबंस लाल सेठी, पूर्ण चंद शर्मा, अमर मोंगा, जोनी कुमार, जतिन आहुजा, राजेंद्र, ललिता, सीमा, सुमन आर्या, डॉ. नीतू रानी सहित कई लोग मौजूद रहे।