फतेहाबाद। जिले के 257 गांवों में से 121 गांवों के चौधरी दसवीं पास हैं। 65 सरपंच 12वीं तक पढ़े हुए हैं। गांव के मुखियाओं में उच्च शिक्षितों की संख्या नाममात्र ही है। सिर्फ 13 सरपंच ही ऐसे हैं, जिनके पास स्नातकोत्तर की डिग्री है। 12 सरपंच बीए पास हैं। 42 सरपंच तो सिर्फ आठवीं पास ही हैं, इनमें से 33 महिलाएं हैं। कुल 122 महिला सरपंचों में से मात्र छह ही पोस्ट ग्रेजुएट हैं।
गौरतलब है कि शुक्रवार को जिले की 259 ग्राम पंचायतों में से 241 नए सरपंचों का चयन हुआ है। 16 सरपंच इससे पहले सर्वसम्मति से बन चुके हैं। गांव खाई में सरपंच पद का चुनाव रद्द हो गया था जबकि गांव काताखेड़ी में सरपंच पद के लिए कोई नामांकन ही नहीं आया था। संवाद
ये हैं 12वीं से ज्यादा शिक्षित महिला सरपंच
फतेहाबाद खंड के गांव बीघड़-द्वितीय की सरपंच अमनदीप, नागपुर खंड के गांव बीरांबदी की सरपंच कवलजीत कौर व रतिया खंड के गांव शेखुपुर सोतर की सरपंच हरदीप कौर पोस्ट ग्रेजुएट हैं। इसके अलावा फतेहाबाद खंड के गांव सालमखेड़ा से दलबीर कौर, खंड नागपुर के गांव बहबलपुर से मनदीप कौर व टोहाना खंड के भोडिया खेड़ा से सुखविंद्र कौर बीए पास हैं। भट्टू खंड के गांव बनमंदोरी की सरपंच रजनी, जाखल खंड के गांव दीवाना की सोनिया व रतिया खंड के गांव रतनगढ़ की सरपंच किरनपाल कौर बीकॉम पास है।
गांव लहरिया की बागडोर संभालेगी एमटेक पास अरुणा
भूना खंड के गांव लहरिया की नवनिर्वाचित सरपंच अरुणा नेहरा महिलाओं में सबसे अधिक पढ़ी-लिखी सरपंच हैं। अरुणा ने एमटेक की हुई है। महिला के लिए आरक्षित इस गांव के सरपंच पद पर सात दावेदार थीं। इनमें सबसे अधिक पढ़ाई अरुणा ने ही की हुई है।
बीटेक पास हार गए, दसवीं पास की हुई जीत
गांव दौलतपुर में बीटके पास दावेदार पर दसवीं पास दावेदार हावी रहा। गांव में चार सरपंच पद के दावेदार थे। इनमें सबसे अधिक पढ़े लिखे कुलदीप सिंह थे, जिन्होंने बीटेक की हुई है। मगर जीत दसवीं पास संजय कुमार को मिली है।
135 पुरुष सरपंचों में 73 दसवीं पास
जिले के 135 पुरुष सरपंचों में से 73 दसवीं पास हैं। इसके अलावा छह ही सरपंच ऐसे हैं, जो स्नातकोत्तर तक पढ़े हुए हैं। इनमें सबसे अधिक डिग्री वाले सरपंच गांव मताना के दलबीर शास्त्री है। दलबीर ने लॉ में मास्टर डिग्री, एमए संस्कृत ऑनर्स, एमए समाजशास्त्र की हुई है। फोरेंसिक साइंस में भी उनके पास डिप्लोमा है। इसके अलावा गांव गोरखपुर के मंदीप योगी, गांव पीलीमंदोरी के धर्मवीर, करनौली के परमवीर पाल सिंह, बनावाली सोतर के छिंद्रपाल, जल्लोपुर के मांगेराम व लुथेरा के सरपंच जसविंद्र सिंह स्नातकोत्तर हैं।
यह है सरपंचों की शैक्षणिक योग्यता
आठवीं पास : 42
दसवीं पास : 122
12वीं पास : 65
ग्रेजुएशन से ज्यादा : 12
बीए पास : 12
बीएससी पास : 1
बीकॉम पास : 3
एमटेक : 1
कोट
कई दावेदार ऐसे भी होते हैं, जो पद के लिए जितनी निर्धारित शैक्षणिक योग्यता होती है, नामांकन फार्म में सिर्फ उतनी ही जानकारी देते हैं। विकास एवं पंचायत विभाग नवनिर्वाचित सरपंचों को गांवों के विकास में हर स्तर पर मदद करेगा।
-बलजीत सिंह चहल, डीडीपीओ