फतेहाबाद/भूना। कड़ी सुरक्षा के बीच शनिवार को सीईटी ग्रुप-डी दो चरणों में परीक्षा शांतिपूर्वक संपन्न हुई। पहले दिन दोनों चरण में जिले के 51 परीक्षा केंद्रों पर 22626 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी जबकि 10206 अनुपस्थित रहे। परीक्षा को लेकर सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए। सभी परीक्षार्थियों को गहन छानबीन के बाद ही परीक्षा केंद्रों में जाने दिया गया। फतेहाबाद में परीक्षार्थियों को कोई दिक्कत नहीं हुई जबकि भूना में परीक्षार्थियों को केंद्र तक जाने के लिए तीन किलोमीटर तक पैदल जाना पड़ा। रविवार को भी जिले में 32832 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे।
दरअसल, जिले में शनिवार को सीईटी के पहले चरण में 16416 परीक्षार्थियों को परीक्षा देनी थी। इनमें से 11274 परीक्षार्थी ही पहुंचे जबकि 5142 गैर हाजिर रहे। वहीं दूसरे चारण में 16416 परीक्षार्थियों में से 11352 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी जबकि 5064 अनुपस्थित रहे। पहली बार ऐसा हुआ है कि अपने गृह क्षेत्र में महिलाओं के लिए परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। टोहाना, रतिया व भूना से महिला परीक्षार्थी फतेहाबाद जिला मुख्यालय पर पेपर देने आईं। परीक्षार्थियों को उनके परीक्षा केंद्रों तक पहुुंचाने के लिए रोडवेज डिपो पर निजी स्कूलों की बसें तैनात रहीं। परीक्षा केंद्रों पर सुबह के सत्र में 10 बजे से 11:45 बजे तक व सायंकालीन सत्र में 3 बजे से 4:45 बजे तक परीक्षा हुई।
बता दें कि सभी केंद्रों पर महिला व पुरुष पुलिस कर्मचारी तैनात थे। परीक्षा केंद्रों में आने वाले हर परीक्षार्थी की गहन तलाशी ली गई। स्कैनर के अलावा उनके पास जो भी सामान था, उसे बाहर ही रखवाया गया। परीक्षा केंद्र के बाहर ही रूमाल से लेकर हाथों में बंधे धागे तक निकलवा लिए गए। परीक्षार्थियों के बैग व जेब में रखे सिक्कों को भी परीक्षा केंद्र के बाहर ही रखवाया गया। यही नहीं महिलाओं की नोज पिन व बालों से रबड़ के बैंड भी उतरवाए गए।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट करते रहे निगरानी
ग्रुप-डी की परीक्षा के लिए नियुक्त किए गए ड्यूटी मजिस्ट्रेट सहित अन्य अधिकारियों ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण करते हुए परीक्षा केंद्र में बनाए गए कंट्रोल रूम, परीक्षा में उपस्थित व अनुपस्थित परीक्षार्थियों की जानकारी इत्यादि ड्यूटी पर तैनात केंद्र अधीक्षकों से ली गई। कानून व्यवस्था के लिए हर परीक्षा केंद्र पर पुलिस बल तैनात रहा। परीक्षा केंद्रों की परिधि में धारा 144 लागू की गई थी।
भूना में परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र के लिए चलना पड़ा तीन किलोमीटर पैदल
सीईटी पेपर को लेकर परीक्षार्थियों को शनिवार को पहले दिन परीक्षा केंद्र शहर से तीन किलोमीटर दूर होने के कारण काफी परेशानियों से जूझना पड़ा। ज्यादातर महिलाओं व युवतियों को समस्या उठानी पड़ी। भूना में टैक्सी कार व ऑटो-रिक्शा का कोई उचित प्रबंध नहीं होने के चलते विद्यार्थियों को पैदल परीक्षा केंद्र तक पहुंचना पड़ा। शहर में सात जगह परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इनमें आदर्श भारती इंटरनेशनल स्कूल, सन साइन सीनियर सेकेंडरी स्कूल सिंथला व संस्कार इंटरनेशनल स्कूल शहर से तीन किलोमीटर दूर हैं। जहां उनको पैदल जाना पड़ा। डीएसपी संजय बिश्नोई, जिला शिक्षा अधिकारी दयानंद सिहाग लगातार परीक्षा केंद्रों पर निरीक्षण करके जायजा लेते रहे।
एमकॉम, बीएससी व एमए पास ने भी दिया पेपर
सीईटी परीक्षा के लिए कर्मचारी चयन आयोग द्वारा अधिकतम शैक्षणिक योग्यता 10वीं रखी गई है। मगर यह पेपर देने के लिए इस बार एमकॉम, बीकॉम, बीएससी व ग्रेजुएट युवा भी पहुंचे। बीएससी पास भिवानी के नवीन कुमार ने बताया कि वह ग्रुप डी का पेपर देने आया है। जब उससे पूछा गया कि बीएससी होने के बाद पेपर ग्रुप डी का पेपर क्यों दे रहे तो उसने बताया कि बस वैसे ही सोच लिया कि यह पेपर देकर देख लें।
परीक्षा केंद्रों के बाहर निजी वाहनों की लगी रहीं कतार
दिलचस्प बात यह रही कि क्रेटा और स्कॉरपियो लेकर भी लोग ग्रुप डी की परीक्षा देने आए। परीक्षा केंद्रों के बाहर निजी वाहनों की भी कतारें लगी रहीं। महिला परीक्षार्थियों के केंद्र जिले में ही होने के कारण 30 से 40 फीसदी तक महिला परीक्षार्थियों को उनके परिजन निजी वाहनों में ही परीक्षा दिलाने लाए।
कोट
जिले में 51 परीक्षा केंद्रों पर शनिवार को दोनों सत्रों में शांतिपूर्ण तरीके से सीईटी परीक्षा संपन्न हुई है। दोनों सत्रों में 22626 ने परीक्षा दी जबकि 10206 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे हैं। व्यवस्थाओं में लगे सभी अधिकारियों व कर्मचारियों का भी पूर्ण सहयोग रहा।
-अरुण शर्मा, नोडल अधिकारी, सीईटी परीक्षा