चरखी दादरी। गांव महराणा में खेत में सिंचाई के दौरान 11 हजार वोल्ट की बिजली लाइन की चपेट में आने से 22 वर्षीय युवक की मौत हो गई। हादसा शुक्रवार शाम हुआ। युवक खेत में सिंचाई के लिए पाइप लाइन बदल रहा था। इसी दौरान पाइप ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की बिजली लाइन से टकरा गया। पाइप में करंट आने से युवक उसकी चपेट में आ गया। देर रात तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश की तो खेत में उसका शव मिला। हादसे के बाद परिवार में मातम पसर गया।
मृतक की पहचान गांव महराणा निवासी ललित कुमार के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार ललित शुक्रवार दोपहर करीब तीन बजे घर से खेत में सिंचाई की लाइन बदलने के लिए गया था। शाम होने के बाद भी जब वह वापस घर नहीं लौटा तो परिजनों को चिंता हुई। उन्होंने आसपास और खेतों में उसकी तलाश शुरू की।
देर रात परिजन खेत में पहुंचे तो ललित वहां मृत अवस्था में मिला। इसके बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई। मृतक के चचेरे भाई चंद्रप्रकाश ने बताया कि ललित परिवार का इकलौता पुत्र था। उसकी दो बहनें हैं जिनमें एक उससे बड़ी और दूसरी छोटी है। परिवार को ललित से काफी उम्मीदें थीं लेकिन हादसे ने परिवार से उसका सहारा छीन लिया।
जांच अधिकारी एएसआई विजेंद्र सिंह ने बताया कि ललित की मौत बिजली का करंट लगने से हुई है। मृतक के चचेरे भाई चंद्रप्रकाश के बयान के आधार पर पुलिस ने इत्तफाकिया कार्रवाई की है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर आगामी कार्रवाई की गई।
खेतों से गुजर रही कई बिजली लाइनें काफी नीचे
ग्रामीणों ने बताया कि गांव के खेतों से गुजर रही कई बिजली लाइनें काफी नीचे हैं। कुछ स्थानों पर तार ढीले होने के कारण वे खेतों के नजदीक तक लटक रहे हैं। ऐसे में किसान खेतों में सिंचाई और अन्य कृषि कार्य करते समय हादसे की आशंका बनी रहती है। ग्रामीणों ने बताया कि कुछ दिन पहले गांव लाड निवासी एक युवक भी खेत में सिंचाई के दौरान करंट की चपेट में आ गया था। इसके बावजूद खेतों से गुजर रही बिजली लाइनों को सुरक्षित करने की दिशा में पर्याप्त कदम नहीं उठाए गए हैं। ग्रामीणों ने बिजली निगम से खेतों के ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की लाइनों का सर्वे करवाकर उन्हें निर्धारित ऊंचाई पर करने की मांग की है। उनका कहना है कि लाइनों को सुरक्षित करने से भविष्य में इस तरह के हादसों को रोका जा सकता है।