चरखी दादरी। जिले के बाढड़ा उपमंडल में रहकर परिवार समेत कबाड़ बीनने वाले युवक साबिर मलिक का शव भांडवा के समीप से बरामद हुआ है। मृतक के शरीर पर चोटों के निशान मिले हैं। उसके साले सुजाउद्दीन का आरोप है कि लाठी-डंडे से पिटाई के बाद आरोपी साबिर को बाइक पर ले गए थे। इसके बाद भांडवा गांव के पास रास्ते में उनका शव मिला है। शव के पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ नामजद केस दर्ज किया है। पुलिस इस हत्याकांड को मंगलवार को हुए संरक्षित पशु के मांस पकाने के विवाद से जोड़कर देख रही है।
बाढड़ा थाना प्रभारी निरीक्षक तेजपाल सोनी ने बताया कि मंगलवार देर शाम पुलिस को सूचना मिली थी कि भांडवा गांव के समीप एक युवक का शव पड़ा है। इस पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। मृतक की पहचान पश्चिम बंगाल के 24-परगना जिले के गांव बासंती बल्लारोप मेजरपाला शिवगंज निवासी साबिर मलिक के रूप में हुई।
इसके बाद पुलिस ने उसके साले सुजाउद्दीन सरदर के बयान दर्ज किए। सरदर ने अपने जीजा साबिर मलिक की हत्या किए जाने का आरोप लगाया। सुजाउद्दीन ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 27 अगस्त को कुछ लोग उनके पास पहुंचे। उन लोगों ने कहा कि तुम संरक्षित पशु का मांस खाते हो। इसके बाद वो उन्हें थाने लेकर चले गए। उसके थाने जाने के बाद कुछ लोग दोबारा वहां पहुंचे और कबाड़ बेचने के बहाने जीजा साबिर मलिक को ले गए। उक्त लोगों ने उनके एक अन्य जानकार असम के लंगला निवासी असीरउद्दीन को भी वहां बुलाया। उक्त लोगों ने उसके जीजा व असीरउद्दीन की डंडों से पिटाई की और वहां बाइक पर बैठाकर ले गए। इसके बाद उसके जीजा का शव भांडवा गांव के समीप से बरामद हुआ।
इस संबंध में मृतक साबिर मलिक के साले सुजाउद्दीन सरदर के बयान पर शाका, गौरव जेवली, राहुल नौरंगाबास जाटान और साहिल मड़ौदी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता के तहत केस दर्ज कर लिया है। हत्याकांड की जांच पुलिस ने शुरू कर दी है। -तेजपाल सोनी, एसएचओ, बाढड़ा थाना।