कादमा। कादमा-झोझूकलां और धनासरी-कादमा रोड पर जलभराव की समस्या बनी है। सबसे अधिक समस्या कादमा गांव में आईटीआई और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने से गुजरने वाली मुख्य सड़क पर है। कादमा-झोझू मार्ग पर पानी भरा होने के कारण ग्रामीणों, विद्यार्थियों और दुकानदारों की परेशानियां बढ़ गई हैं।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वह आंदोलन करने के लिए विवश होंगे।
स्थानीय लोग बताते हैं कि अब सड़क से निकलना मुश्किल हो रहा है। संभलकर चलना पड़ता है क्योंकि गड्ढे भी पानी में छिपे हुए हैं। सबसे अधिक दिक्कत आईटीआई के प्रशिक्षु व स्कूली छात्र-छात्राओं को हो रही है, जिन्हें रोजाना जलमग्न सड़क से होकर गुजरना पड़ता है। दुकानदारों ने बताया कि जलभराव के कारण उनकी दुकानों में ग्राहक आना बंद हो गए हैं।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने पिछले वर्ष की तरह इस बार भी जलभराव के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए। न समय पर नालियों का निर्माण किया गया और न पानी निकासी की कोई ठोस व्यवस्था की गई। सभी तैयारियां केवल कागजों तक सीमित रहीं, जबकि जमीनी हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं।
ग्रामीण हरकेश, सुनील, सामाजिक कार्यकर्ता दीपक शर्मा, मुरारी थालोर, महेंद्र व रमेश ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं किया गया तो वे सख्त कदम उठाने को मजबूर होंगे। वहीं, धनासरी गांव में भी स्थिति गंभीर है। करीब 200 मीटर तक जलभराव के कारण राहगीरों और ग्रामीणों के लिए मुख्य मार्ग से निकलना मुश्किल हो गया है। पंचायत के पास नालियों के निर्माण के लिए पर्याप्त बजट नहीं होने के कारण समस्या और बढ़ गई है।
ग्रामीण प्रशासन से समाधान की मांग कर रहे हैं, ताकि स्कूल जाने वाले छात्र और स्थानीय व्यवसायिक गतिविधियां प्रभावित न हों। लोगों का कहना है कि आए दिन हो रही बारिश की वजह से हालात खराब होते जा रहे हैं। विभाग को पानी निकासी का प्रबंध करना चाहिए।